
राज्य ब्यूरो, नईदुनिया प्रतिनिधि, भोपाल: मध्य प्रदेश में अगले साल से चुनावों का सिलसिला प्रारंभ हो जाएगा। सरकार इन दो वर्षों में युवा और महिलाओं पर फोकस करेगी। 2027 को युवा तो 2028 महिला सशक्तीकरण वर्ष के रूप में मनाया जाएगा। सरकार ने इसके हिसाब से कार्य योजना तैयार की है। इसमें रोजगार, स्वरोजगार, कौशल विकास के साथ लाड़ली बहना को आर्थिक तौर पर और सशक्त बनाने के लिए कदम उठाए जाएंगे।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने गरीब, युवा, महिला और किसान चार जातियां बताई थीं। प्रदेश सरकार ने इसे विकसित मध्य प्रदेश के मंत्र के रूप में लेकर मिशन लागू किए। 2025 को उद्योग एवं रोजगार वर्ष के रूप में मनाया गया। निवेश के अनुकूल माहौल बनाने के लिए नीतियों में संशोधन के साथ फरवरी 2025 में ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट का आयोजन किया गया। इससे दस लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव या तो धरातल पर उतर चुके हैं या फिर प्रक्रिया अंतिम चरण में पहुंच गई है।
वर्ष 2026 को कृषक कल्याण वर्ष के रूप में मनाया जा रहा है। किसानों को उपज का उचित मूल्य दिलाने को भावांतर योजना लागू की गई। गेहूं पर प्रोत्साहन राशि का भुगतान किया गया। लगभग 30 लाख किसानों को शून्य प्रतिशत ब्याज दर पर अल्पकालीन कृषि ऋण दिलवाया गया। पशुपालन और डेयरी को प्रोत्साहित किया गया।
2027 को युवा वर्ष के रूप में मनाने का निर्णय लिया गया है। इसमें युवाओं के लिए रोजगार, कौशल विकास, स्वरोजगार से लेकर अन्य गतिविधियां संचालित की जाएंगी।
2028 में विधानसभा के चुनाव होने हैं। 2028 को सरकार महिला सशक्तीकरण के रूप में मनाएगी। इसमें लाड़ली बहनों को आर्थिक दृष्टि से और सशक्त बनाने के साथ स्वसहायता समूहों को आर्थिक गतिविधियों से जोड़ने के प्रयास होंगे।
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