• Jagran.com
  • Jagran Josh
  • Her Zindagi
  • Onlymyhealth
  • Jagran TV
  • Vishvas News
  • Inextlive
मेरी खबरें
  • होम
  • ताजा खबरें
  • मध्यप्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • धर्म
  • मनोरंजन
  • राशिफल
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
    • बिज़नेस
    • बड़ी खबरें
    • खेल
    • विदेश
    • करियर
    • टॉपिक्स
    • टेक्नोलॉजी
    • शिक्षा
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • राशिफल
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • फटाफट
  • राशिफल
  • वेब स्टोरीज
नईदुनिया ट्रेंडिंग
  • बढ़ता यूपी
  • समृद्ध उत्तराखंड
  • Mutual Funds मास्टरी
  • होम
  • मध्य प्रदेश
  • भोपाल

'नींद में थे घरों में घुस आया पानी, जब तक संभलते सब डूब चुका था...', भोपाल की उड़िया बस्ती में बारिश का कहर, खाने तक का सामान नहीं बचा

Bhopal Rain: भोपाल में रविवार शाम से हुई बारिश ने छोला क्षेत्र की उड़िया बस्ती के लोगों की मुश्किलें बढ़ा दीं।

By anuj mainaEdited By: Akash Sharma
Publish Date: Tue, 11 Aug 2026 09:43:52 PM (IST)Updated Date: Tue, 11 Aug 2026 10:00:18 PM (IST)
'नींद में थे घरों में घुस आया पानी, जब तक संभलते सब डूब चुका था...',  भोपाल की उड़िया बस्ती में बारिश का कहर, खाने तक का सामान नहीं बचा
उड़िया बस्ती में घरों के अंदर डेढ़ फीट पानी भरा

HighLights

  1. सब्जियां पानी के बहाव में बहकर नाले में चली गईं
  2. परिवार ने रातभर घर से पानी बाहर निकाला
  3. भोपाल की कई सड़कों पर मंगलवार को जलभराव रहा

नईदुनिया प्रतिनिधि, भोपाल। रविवार शाम से हुई बारिश ने छोला क्षेत्र की उड़िया बस्ती के रहवासियों की परेशानी बढ़ा दी। सोमवार सुबह करीब छह बजे अचानक कई घरों में पानी घुसने लगा। लोगों को सामान समेटने और बचाने का मौका मिलता, उससे पहले ही घरों में करीब डेढ़ फीट तक पानी भर गया। इससे राशन और घरेलू सामान खराब हो गए।

रातभर पानी उलीचता रहा परिवार

उड़िया बस्ती में करीब 22 साल से रह रहीं गीता बाथम ने बताया कि पानी तेजी से बढ़ा तो परिवार के सदस्य रातभर घर से पानी बाहर निकालते रहे। स्थिति ऐसी हो गई कि घर में सोने तक की जगह नहीं बची। बिस्तर भी पूरी तरह गीला हो गया। रसोई में रखा आटा, चावल और खाने-पीने का सामान पानी में खराब हो गया, जबकि सब्जियां बहकर नाले में चली गईं।


सुबह पानी उतरने के बाद घर में बिखरी गृहस्थी और खराब हो चुका राशन सामने था। सोमवार दोपहर नगर निगम का अमला खाना देकर गया था, लेकिन अब परिवार के सामने भोजन की व्यवस्था की चिंता है। घर में खाना बनाने के लिए सामान ही नहीं बचा है।

तिरपाल पर बैठने को मजबूर

पानी भरने से घर का फर्श भी गीला हो गया है। सीलन और पानी के कारण बैठने की जगह नहीं बची, इसलिए परिवार ने तिरपाल बिछाकर बैठने की व्यवस्था की है। बिस्तर और कपड़े भी पानी से प्रभावित हुए हैं, जिन्हें सुखाने में लोग जुटे हुए हैं।

पूरी बस्ती में यही हाल

यह समस्या केवल गीता बाथम के परिवार तक सीमित नहीं है। उड़िया बस्ती में रहने वाले लगभग हर परिवार को बारिश के कारण परेशानी झेलनी पड़ी। पानी उतरने के बाद लोगों ने घरों की सफाई शुरू कर दी है, लेकिन दीवारों और घरों पर पानी भरने के निशान अब भी दिखाई दे रहे हैं। कई घरों के सामने गंदगी भी जमा है।

यह भी पढ़ें- MP Weather 12 August: मानसून ट्रफ के प्रभाव से बदला मौसम, भोपाल से लेकर गुना-खंडवा तक कई जिलों में बारिश का येलो अलर्ट

सड़कों पर जलभराव से बढ़ी परेशानी

मंगलवार को दिनभर रिमझिम बारिश जारी रही। इसके चलते शहर की कई सड़कों पर पानी भर गया और सड़कें छोटे तालाब जैसी नजर आईं। नालों पर अतिक्रमण और उनके संकरे होने से पानी की निकासी प्रभावित होती है। बारिश थमने के बाद भी कई इलाकों में पानी जमा रहा, जिससे लोगों को आवागमन में परेशानी हुई।

बारिश का पानी घर में घुसने से राशन और पानी समेत घर का सामान खराब हो गया। हम करीब 18 साल से यहां रह रहे हैं। इसके बाद यह तीसरी बार क्षेत्र में जलभराव की स्थिति बनी है। पहले सड़क की ऊंचाई कम थी, लेकिन सड़क बनने के बाद वह ऊंची हो गई, जिससे पानी घरों में भरने लगा।

- जरनैल सिंह, रहवासी, उड़िया बस्ती

कल बारिश का पानी करीब डेढ़ फीट तक घर में भर गया था। तीनों कमरों में पानी घुसने से गोदरेज, पलंग और गृहस्थी का पूरा सामान खराब हो गया। कल ही राशन लेकर आए थे, वह भी पानी में भीगकर खराब हो गया। रातभर पानी भरे होने के कारण सोने की जगह नहीं थी, इसलिए परिवार ने पूरी रात बैठकर गुजारी।

- गुड्डी बाई, रहवासी, उड़िया बस्ती

रविवार रात से हो रही बारिश के चलते सोमवार सुबह करीब छह बजे हमारे घरों में पानी भर गया था। करीब दो फीट तक पानी भरने की वजह से घर के अंदर रखा राशन का पूरा सामान खराब हो गया, जिसकी वजह से खाने-पीने के लिए भी परेशान हो रहे हैं। कपड़े भी गीले हो गए थे, जिसे अब सुखाने में लगे हुए हैं।

-कला बाई, रहवासी, उड़िया बस्ती