
राज्य ब्यूरो, नईदुनिया, भोपाल। ड्यूटी के दौरान बलिदानी पुलिसकर्मियों के स्वजन को मिलने वाली अनुग्रह राशि का 50 प्रतिशत हिस्सा उनकी पत्नी और शेष 50 प्रतिशत माता-पिता को दिया जाएगा। मुख्यमंत्री डा. मोहन यादव ने बुधवार को भोपाल में शहीद स्मृति दिवस के कार्यक्रम में यह घोषणा की है। बलिदानी पुलिसकर्मियों के माता-पिता को आर्थिक सुरक्षा देने की दिशा में यह बड़ा कदम है।
प्रदेश में वर्ष 2017 के बाद ड्यूटी के दौरान बलिदान होने वाले पुलिसकर्मियों के स्वजन को एक करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता, अनुकंपा नियुक्ति और अन्य सुविधाएं दी जाती हैं। मुख्यमंत्री ने यहां सितंबर 2025 से अगस्त 2026 के बीच बलिदानी नौ पुलिसकर्मियों के स्वजन को सम्मानित किया।
डा. मोहन यादव ने कहा कि पुलिस के सामने साइबर अपराध और ड्रग तस्करी जैसी नई चुनौतियां हैं, जिनसे निपटने में पुलिसकर्मियों की दक्षता और कर्तव्यनिष्ठा महत्वपूर्ण होगी। प्रदेश में करीब 35 वर्षों से चुनौती बनी माओवादी हिंसा समस्या के विरुद्ध मिली सफलता की बात कहते हुए उन्होंने जवानों के साहस और बलिदान को भी नमन किया।
डा. मोहन यादव ने कहा कि हमारी सनातन संस्कृति में शस्त्र धारण करने का अर्थ केवल शक्ति का प्रदर्शन नहीं, बल्कि समाज और राष्ट्र की सुरक्षा के लिए सदैव तत्पर रहने का संकल्प लेना है। पुलिस में नई भर्ती, पदोन्नति और सभी प्रकार की सुविधाओं का ध्यान रखा जा रहा है। डीजीपी कैलाश मकवाणा ने कहा कि वर्ष 2025 में ही सबसे अधिक 110 पुलिस अधिकारी-कर्मचारियों को आउट आफ टर्न पदोन्नत किया गया।