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MP में खाद्य एवं औषधि प्रशासन में पदस्थापना को लेकर खींचतान; दो माह से अटके 99 अफसरों के प्रमोशन

वरिष्ठ औषधि निरीक्षक के छह पदों पर पदोन्नति के बाद पदस्थापना को लेकर खींचतान है। विभाग के प्रमुख सचिव एक ही स्थान पर सबसे अधिक समय से पदस्थ अधिकारियों...और पढ़ें

By Digital DeskEdited By: bhupendra Singh Rajput
Publish Date: Wed, 16 Sep 2026 06:48:02 PM (IST)Updated Date: Wed, 16 Sep 2026 06:48:02 PM (IST)
MP में खाद्य एवं औषधि प्रशासन में पदस्थापना को लेकर खींचतान; दो माह से अटके 99 अफसरों के प्रमोशन
प्रतीकात्मक फोटो।

HighLights

  1. खाद्य एवं औषधि प्रशासन में पदोन्नति दो माह से अटकी
  2. 6 पदों पर पदोन्नति के बाद पदस्थापना को लेकर खींचतान
  3. पदस्थापना के आदेश करीब एक सप्ताह में जारी होने की संभावना

राज्य ब्यूरो, नईदुनिया, भोपाल । 10 वर्ष बाद अधिकारियों-कर्मचारियों की पदोन्नति का रास्ता सरकार ने निकाला। डीपीसी कर यथाशीघ्र पदोन्नति के मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद लगभग सभी विभागों में पदोन्नतियां हो गईं, पर खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग में फाइलें अटकी हैं।

खाद्य सुरक्षा अधिकारियों के 93 पदों के लिए जुलाई में डीपीसी हो चुकी है, पर अभी तक पदोन्नति के आदेश जारी नहीं हुए हैं।

इसी तरह से औषधि निरीक्षकों की वरिष्ठ औषधि निरीक्षकों के छह पदों पर पदोन्नति नहीं हो पाई है। इसकी वजह पदोन्नति के बाद पदस्थापना स्थल को लेकर खींचतान बताई जा रही है। विभाग के प्रमुख सचिव सुखबीर सिंह चाहते हैं कि एक ही जगह अधिकतम समय पर पदस्थापना के आधार पर स्थानांतरण किया जाए।


यानी पदोन्नति के बाद सबसे पहले उसे स्थानांतरित किया जाएगा जो सर्वाधिक समय से एक स्थान पर पदस्थ हैं।

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10 वर्षों से जमे निरीक्षक

उधर, स्थानांतरण के दायरे में आने वाले निरीक्षक यहां-वहां जुगाड़ लगा रहे हैं। इसी खींचतान में फाइलें अटकी हैं।एक ही पदस्थापना स्थल पर तीन वर्ष से अधिक होने पर स्थानांतरण का प्रावधान है। खाद्य एवं औषधि प्रशासन में स्थिति यह है कि एक ही जिले में निरीक्षक 10 वर्ष से भी अधिक समय से जमे हैं।

शिकायतों पर स्थानांतरण हुआ तो कुछ माह के लिए पास के जिले में भेज दिया गया और बाद में फिर उसी जिले में आ गए। अब पदोन्नति के बाद भी जाना नहीं चाहते। वे एड़ी-चोटी का जोर लगा रहे हैं। इसी कारण यह निर्णय नहीं हो पा रहा है कि पदोन्नति के बाद स्थानांतरण का क्या मापदंड रखा जाए।

पदोन्नति के बाद निर्धारित पदों के अनुसार पदस्थापना भी की जानी है। इसी का निर्धारण करने में समय लग रहा है। लगभग एक सप्ताह में आदेश जारी हो जाएंगे।- नरेंद्र शिवाजी पटेल, राज्य मंत्री, स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा।