दमोह(नईदुनिया प्रतिनिधि)। ग्राम जेरठ, ऐतिहासिक दृष्टि से 7 शहीदों (जिनको फसियानाला मैं फांसी हुई थी) की जन्मस्थली एवं कर्म स्थली है। यह स्वाभाविक तरीके से वंदनीय है। यहां पर पानी के सोर्स नहीं होने के कारण पेयजल का संकट रहा है। प्रधानमंत्री कहते हैं कि आप गांव में भवन निर्माण करते हैं इससे काम नहीं चलेगा बल्कि जितने भी जरूरतमंदों को सीधे लाभ देने वाली योजना है उनका शत-प्रतिशत पालन हो जाए। यह बात केन्द्रीय खाद्य प्रंसस्करण उद्योग एवं जल शक्ति राज्यमंत्री प्रहलाद पटेल ने सांसद आर्दश ग्राम जेरठ में अधिकारियों की बैठक लेकर चल रहे और कराये गये कार्यों की समीक्षा के दौरान कही। उन्होंने कहा ठोस कचरे का प्रबंधन जिस पंचायत के पास होगा वह सिर्फ बुद्धिमान मानी जाएगी। अगर उसको और एक ऊपर सीढ़ी पर जाना है तो उसे तरल कचरे का प्रबंधन करना पड़ेगा जो घरों से निकलता है। अगर दोनों कचरो का प्रबंधन कर लिया और साइन बोर्ड लगा कर उसका बेहतर उपयोग किया तब जाकर यह माना जाएगा कि यह पंचायत उत्कृष्ट पंचायत है। यह सभी पैरामीटर स्वच्छता मंत्रालय भारत सरकार ने तय किए हैं और मैं विश्वास करता हूं कि हम लक्षित कार्यक्रम के तहत आने वाले 6 महीने के भीतर क्योंकि आजादी के 75 वे वर्ष में हम सांसद आदर्श ग्राम को उत्कृष्ट की श्रेणी में नहीं ला पाते हैं तो सभी को एक बार अपने कामकाज के बारे में सोचना होगा।
हम अपने आपको गौरन्वित नहीं कर सकते
राज्यमंत्री प्रहलाद पटेल ने कहा कि कुछ मामले ऐसे भी हैं जहां पर हम अपने आप को गौरवान्वित नहीं कर सकते हैं। उदाहरण के लिए स्वच्छता प्लस के लिये यह जरूरी है कि आगनवाड़ी, स्कूल, अस्पताल और धार्मिक स्थान पर आपरेशनल टायलेट जब तक नहीं होंगे तब तक हम स्वच्छता प्लस में उस गांव को नहीं मान पाएंगे।
योजना के लाभ से जरूरतमंद न छूटे
राज्यमंत्री पटेल ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत कोई भी जरूरतमंद ना छूटे। इस बात का विशेष ध्यान दिया जाये। केन्द्रीय राज्यमंत्री पटेल ने कहा कि कृषि विभाग ने यहां 84 किसानों को लाभन्वित करने का लक्ष्य रखा था लेकिन इससे ज्यादा लोगों को लाभार्थी के रूप में लाभ दिया। यह प्रशासनिक अमले का तरीका है। यह आदर्श ग्राम की कल्पना को मजबूत करेगा। बैठक में एसडीएम अंजली द्विवेदी सहित अन्य अधिकारी कर्मचारी मौजूद रहे।