देवास में 42 युवकों से विवाह के नाम पर की थी धोखाधड़ी, दो आरोपी गिरफ्तार
युवकों को अनाथाश्रम की लड़कियों से सामूहिक विवाह का झांसा देकर 10 से 25 हजार रुपये तक वसूले थे। 42 युवक स्वजन के साथ पहुंचे थे, जिन्हें न दुल्हन मिली ...और पढ़ें
By Ramnath MutkuleEdited By: Ramnath Mutkule
Publish Date: Tue, 26 May 2026 03:01:36 PM (IST)Updated Date: Tue, 26 May 2026 03:01:36 PM (IST)
देवास में युवकों से धोखाधड़ी। (एआई जनरेट)HighLights
- सीहोर जिले के निवासी आरोपियों ने की धोखाधड़ी
- 42 युवकों को विवाह करवाने के नाम पर ठगा
- सामूहिक विवाह का झांसा दिया और 10 से 25 हजार रुपये तक वसूले थे
नईदुनिया प्रतिनिधि, देवास। शहर में रविवार रात सामने आए विवाह के नाम पर अनोखे फर्जीवाड़े के मामले में पुलिस ने दंपती को गिरफ्तार कर लिया है। मामले में सिहोर जिले के निवासी चार आरोपितों पर प्रकरण दर्ज किया गया है। मुख्य आरोपित की तलाश में पुलिस की टीमें रवाना की गई हैं।
आरोपितों ने कई युवकों को अनाथाश्रम की लड़कियों से देवास माता टेकरी पर सामूहिक विवाह का झांसा दिया और 10 से 25 हजार रुपये तक वसूले थे। रविवार को 42 युवक अपने स्वजन के साथ देवास पहुंचे थे, जिन्हें न तो दुल्हन मिली और न ही उनको यहां बुलाने वाला।
बताया जा रहा है कि आरोपितों ने ऐसे लोगों को निशाना बनाया, जिनका काफी उम्र होने के बाद भी विवाह नहीं हो रहा था। उन्होंने अपने पहचान व आसपास के क्षेत्र के लोगों को इंदौर के अनाथ आश्रम की लड़कियों से विवाह करवाने का झांसा दिया और सभी को सामूहिक विवाह के नाम पर देवास बुलवाया।
यह जानकारी भी सामने आई कि सम्मेलन की तिथि 25 मई तय की गई थी, जिसके एक दिन पहले ही सभी दूल्हों को देवास बुलवाया गया। रविवार रात हुए बवाल के बाद बीएनपी पुलिस ने आरोपित मुकेशदास बैरागी, दिनेशदास बैरागी, नरसिंगदास बैरागी व एक महिला सभी निवासी पाटन जिला सीहोर के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर महिला और मुकेश को गिरफ्तार कर लिया। बीएनपी पुलिस ने दोनों आरोपितों को सोमवार को न्यायालय में प्रस्तुत कर दो दिन के पुलिस रिमांड पर लिया है।
मुख्य आरोपित की तलाश में पुलिस
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार आरोपित दिनेशदास बैरागी ने ही अपने भाई के माध्यम से युवकों को झांसे में लिया। युवकों व उनके स्वजन से 10 हजार रुपये से 25 हजार रुपये तक लेकर उनका विवाह करवाने का वादा किया गया। बताया जा रहा है कि युवकों को सामूहिक विवाह करवाने की बात कही गई थी। मामले में मुख्य आरोपित की गिरफ्तारी के बाद पूरा मामला साफ होगा। यह बात भी सामने आई कि आरोपित इंदौर में भी रहकर कुछ काम कर रहा था। हालांकि पुलिस के अनुसार आरोपित की गिरफ्तारी के बाद ही तथ्यों की पुष्टि हो सकेगी। फरियादी अभिषेक वर्मा निवासी ग्राम जमोनिया जिला सिहोर की शिकायत पर दर्ज प्रकरण में 25 हजार रुपये लेने का जिक्र है।
कई दूल्हे पहुंचे थे देवास
बता दें कि रविवार को धोखाधड़ी का यह सनसनीखेज मामला सामने आया था। 42 दूल्हे 200 से अधिक रिश्तेदारों के साथ कई वाहनों में सवार होकर देवास विवाह करवाने के लिए पहुंचे थे। सभी को इंदौर के किसी अनाथ आश्रम की लड़कियों से विवाह करवाने का झांसा दिया गया था। शाम तक जब उनको विवाह का झांसा देने वाला नहीं मिला तो देर रात क्लब ग्राउंड में हंगामा हुआ, जिसके बाद बीएनपी पुलिस पहुंची। बाद में सभी थाने गए, जहां पर काफी देर गहमागहमी के बाद देर रात प्रकरण दर्ज किया गया।