
Agneepath Protest in Gwalior: ग्वालियर, नईदुनिया प्रतिनिधि। अग्निपथ याेजना के तहत सेना में भर्ती के निर्णय के खिलाफ आज ग्वालियर में हिंसक आंदाेलन हुआ। जिस प्रकार से उपद्रव हुआ, उससे साफ है कि उपद्रवी पूरी प्लानिंग के साथ आए थे। सभी ने पूरी तरह से मुंह बांध रखे थे, जिससे किसी की पहचान नहीं हाे सके। साथ ही पुलिस-प्रशासन काे भी गाेला का मंदिर चाैराहे पर उलझाकर रखा, जिसे अधिकारी भी नहीं समझ सके। जब तक समझ आया उपद्रवी शहर में दाखिल हाे चुके थे। रेलवे स्टेशन, गांधी नगर, पड़ाव चाैराहा और हजीरा पर उपद्रवियाें ने जमकर ताेड़फाेड़ की। पुलिस-प्रशासन के हरकत में आने तक ताे शहर में काफी नुकसान हाे चुका था। खबर है कि पुलिस ने कुछ उपद्रवियाें काे गिरफ्तार भी किया है, हालांकि खबर लिखे जाने तक आराेपिताें पर एफआइआर की कार्रवाई की प्रक्रिया चल रही थी। साथ ही आराेपिताें की शिनाख्त के लिए वीडियाे फुटेज भी खंगाले जा रहे हैं।
उपद्रवियाें ने बुधवार की रात काे मुरैना में सबसे पहले हंगामा किया। इसके बाद भी ग्वालियर प्रशासन अलर्ट नहीं हुआ। यदि समय रहते पुलिस-प्रंशासन सचेत हाेता ताे शहर काे इतना नुकसान नहीं झेलना पड़ता। उपद्रवी आज सुबह से ही मुरैना से ग्वालियर पहुंचना शुरू हाे गए थे। खबर है कि भिंड से भी काफी संख्या में युवक पहुंचे थे। इतनी भीड़ जुटती रही, लेकिन पुलिस ने इस पर ध्यान नहीं दिया।
Agneepath Protest in Gwalior: मुंह बांधकर आए, पुलिस-प्रशासन काे उलझाकर रखा और शहर में मचाया उत्पात, देखें वायरल वीडियाे#mpnews #crimenews #gwaliornewshttps://t.co/bWv4BiM5ga pic.twitter.com/0lBieVD7MU
— NaiDunia (@Nai_Dunia) June 16, 2022
कैसे किया पुलिस-प्रशासन काे गुमराहः पुलिस-प्रशासन के अधिकारी उपद्रवियाें की प्लानिंग काे समय रहते नहीं समझ सके। जब गाेला का मंदिर पर हंगामा शुरू हुआ ताे कलेक्टर, एसपी सहित सभी अधिकारी माैके पर पहुंच गए। यहां पर माैजूद युवकाें के चेहरे खुले हुए थे और वह कलेक्टर से बात भी कर रहे थे। जब ये सब तमाशा चल रहा था कि उसी दाैरान मुंह पर कपड़ा बांधे उपद्रवियाें की टाेलियां धीरे-धीरे बिरला नगर रेलवे स्टेशन पहुंचना शुरू हाे गई। केवल गिने-चुने लाेग, जिनके चेहरे खुले थे, वही गाेला का मंदिर पर रह गए थे। प्रशासन इनमें ही उलझा रहा और उधर उपद्रवियाें ने बिरला नगर रेलवे स्टेशन पर ताेड़फाेड़ शुरू कर दी।
भागे भी प्लानिंग के तहतः बिरला नगर रेलवे स्टेशन पर जब पुलिस ने सख्ती से उपद्रवियाें काे खदेड़ना शुरू किया ताे बाहर की तरफ भागने की जगह उपद्रवियाें ने रेलवे ट्रैक पर ही दाैड़ना शुरू कर दिया। पुलिस ने ध्यान ही नहीं दिया कि उपद्रवियाें की क्या याेजना है। उधर उपद्रवी तब तक रेलवे स्टेशन पर पहुंच चुके थे और वहां पर ताेड़फाेड़ शुरू कर दी थी। यात्रियाें से मारपीट भी की गई। जबकि कुछ उपद्रवी हजीरा, कांच मिल और गांधी नगर की तरफ भाग निकले।
शहर में फैलाई दहशतः उपद्रवियाें ने रेलवे स्टेशन ही नहीं बल्कि पाश कालाेनियाें में भी हंगामा किया। गांधी नगर में करीब 20 वाहनाें के कांच ताेड़ दिए। पड़ाव चाैराहे पर भी जमकर हंगामा किया। हजीरा इलाके में भी उपद्रवियाें ने काफी ताेड़फाेड़ की। इसके बाद जैसे-जैसे पुलिस की सख्ती बढ़ती गई उपद्रवी भी गायब हाेते चले गए। हालांकि कुछ उपद्रवियाें काे जरूर पकड़ने में पुलिस काे सफलता मिली है। इस हंगामे के कारण हजीरा, किलागेट, घासमंडी इलाके में अधिकांश बाजार बंद हाे गए।