• Jagran.com
  • Jagran Josh
  • Her Zindagi
  • Onlymyhealth
  • Jagran TV
  • Vishvas News
  • Inextlive
  • मेरी खबरें
मेरी खबरें
  • होम
  • ताजा खबरें
  • मध्यप्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • धर्म
  • मनोरंजन
  • राशिफल
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
    • बिज़नेस
    • बड़ी खबरें
    • खेल
    • विदेश
    • करियर
    • टॉपिक्स
    • टेक्नोलॉजी
    • शिक्षा
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • राशिफल
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • फटाफट
  • राशिफल
  • वेब स्टोरीज
नईदुनिया ट्रेंडिंग
  • बढ़ता यूपी
  • AI बूटकैंप
  • समृद्ध उत्तराखंड
  • गणेशोत्‍सव 2026
  • हनुमान अंश
  • Mutual Funds मास्टरी
  • मध्‍य प्रदेश की खबरें
  • राशि परिवर्तन
  • मानसून
  • स्वच्छ जल
  • होम
  • मध्य प्रदेश
  • ग्वालियर

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 05, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Gwalior Building Blast: ग्वालियर में धमाके से तबाह हुआ फ्लैट... सबसे बड़ा सवाल- सिलेंडर और एसी ठीक, तो फिर फटा क्या?

ग्वालियर में द लेगेसी अपार्टमेंट में देर रात एक जोरदार धमाका(Gwalior Building Blast) हुआ, जिसमें दो लोग बुरी तरह झुलस गए। घटना की वजह अभी तक साफ नहीं ...और पढ़ें

By Prashant PandeyEdited By: Prashant Pandey
Publish Date: Wed, 05 Mar 2025 09:18:14 AM (IST)Updated Date: Wed, 05 Mar 2025 12:16:12 PM (IST)
Gwalior Building Blast: ग्वालियर में धमाके से तबाह हुआ फ्लैट... सबसे बड़ा सवाल- सिलेंडर और एसी ठीक, तो फिर फटा क्या?
धमाके से फ्लैट की दीवारे इस तरह गिर गईं।

HighLights

  1. धमाके से फ्लैट की दीवारें, दरवाजे भी टूट गए।
  2. फ्लैट के सिलेंडर और एसी में नहीं हुआ धमाका।
  3. घायलों को अस्पताल में भर्ती करवाया गया है।

नईदुनिया प्रतिनिधि, ग्वालियर(Gwalior Building Blast)। ग्वालियर के गोला का मंदिर इलाके में भिंड रोड स्थित लेगेसी अपार्टमेंट की पहली मंजिल पर फ्लैट नंबर एल-7 में देर रात करीब दो बजे ब्लास्ट हो गया। धमाका इतना तेज था कि आसपास के तीन फ्लैट भी ब्लास्ट क्षतिग्रस्त हुए हैं। पूरी बिल्डिंग में दरारें आ गईं।

लिफ्ट टूट कर नीचे आ गिरीं। ब्लास्ट के वक्त रंजना और अनिल जाट फ्लैट में ही थे। दोनों गंभीर रूप से घायल हुए हैं। रंजना और उनके पति के नाम पर दो फ्लैट हैं। वे इसी बिल्डिंग में 7वें फ्लोर पर बने फ्लैट में रहते हैं। एक दिन पहले ही यहां रहने आ गए थे।


प्रत्यक्षदर्शियों की मुताबिक उन्होने धमाके के बाद दोनों को आग से झुलसा हुआ देखा। मौके पर सिलेंडर सुरक्षित मिला है। पुलिस का कहना है कि संभवत गैस रिसाव के कारण धमाका हो सकता है,वहीं लोग केमिकल ब्लास्ट की चर्चा भी कर रहे हैं।

इस घटना के बाद से प्लाजा के लोग डरे हुए हैं और खतरा महसूस कर रहे हैं। पुलिस, नगर निगम, एफएसएल सहित एजेंसियां मामले की जांच कर रही हैं।

naidunia_image

फ्लैट में गैस सिलेंडर और एसी ठीक को नहीं हुआ नुकसान, फिर क्या फटा

फ्लैट के अंदर गैस सिलेंडर या एसी में धमाका होने की आशंका थी, लेकिन ये दोनों ही सही मिले। ऐसे में सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि आखिर धमाका किस चीज में हुआ जिसने पूरे फ्लैट को ही तबाह कर दिया। पुलिस का बम निरोधक दस्ता भी मौके पर जांच करने के लिए पहुंच रहा है।

naidunia_image

सबकुछ टूट गया

फ्लैट की दीवारें, दरवाजे टूट गए, यहां तक की छत में भी दरार आ गई। धमाका बहुत तेज था, इसकी आवाज दूर तक सुनाई दी।

इधर... निगम कर्मी ही लगा रहे कचरे में आग कैसे पूरा होगा अव्वल आने का सपना

ग्वालियर शहर में स्वच्छता सर्वेक्षण को लेकर तैयारियां चल रही हैं। लेकिन इन तैयारियों को निगम के सफाई कर्मचारी ही पलीता लगाते हुए नजर आ रहे हैं। वे शहर से निकलने वाले कचरे का सही निपटान करने की जगह उसे एक जगह जला रहे हैं। जबकि स्वच्छता नियमों में कचरे के निपटान के लिए विधिवत प्रक्रिया बताई गई है और खुले में जलाने पर रोक लगाई गई है।

कचरा निपटाने की जगह जलाने का नजारा मंगलवार को पटेल नगर में उप संचालक कृषि कार्यालय के पास मैदान में देखा गया। जहां पर निगम कर्मचारियों ने कचरे को एकत्रित किया और फिर उसमें आग लगा दी। यहां बता दें कि नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) ने देशभर में खुले में कूड़ा जलाने पर करीब आठ साल पहले प्रतिबंध लगाया था।

लैंडफिल साइट के लिए भी यह लागू होगा। खुले में कचरा जलाते पाए जाने पर पांच हजार से 25 हजार जुर्माने का प्रविधान भी किया था। यह निर्णय एनजीटी के अध्यक्ष जस्टिस स्वतंत्र कुमार की अध्यक्षता वाली बेंच ने अलमित्रा पटेल की याचिका पर दिया था। बावजूद इसके निगम कर्मचारी कचरे का नियमानुसार निपटान करने की जगह उसे जला रहे हैं।

क्या करते हैं निगम कर्मचारी

पटेल नगर में क्षेत्र उप संचालक कृषि कार्यालय के पास एक खाली जगह है। यहां पर निगम कर्मचारी पहले आसपास के क्षेत्र का कचरा लेकर उसे यहां एकत्रित कर लेते हैं। कचरा एकत्रित करने के बाद उसे लैंडफिल साइट भेजने की जगह उसमें आग लगा देते हैं।