Gwalior Crime News: ग्वालियर, नईदुनिया प्रतिनिधि। जिन पुलिस कर्मियों को अवैध शराब के कारोबार पर अंकुश लगाने की जिम्मेदारी दी गई थी, उन्हीं के क्षेत्र में घर पर ही मशीन लगाकर ओपी से अवैध शराब बनाने का कारोबार हो रहा था। डबरा देहात थाने के टीआइ की कमजोर दक्षता और दो एएसआइ सहित पांच पुलिस कर्मियों की मिलीभगत व संदिग्ध आचरण का दाेषी पुलिस अधीक्षक अमित सांघी ने माना है। टीआइ केडी कुशवाह को लाइन अटैच कर दिया गया है। वहीं बीट प्रभारी सहित पांच पुलिसकर्मियोें को निलंबित कर दिया गया है। इस कार्रवाई के बाद से पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवालिया निशान खड़े हो गए हैं,वहीं गुरूवार को भी कंपू थाना प्रभारी सहित एक आरक्षक को ट्रक वाले से दस हजार रूपये लिए जाने की शिकायत पर लाइन हाजिर किया गया।
दरअसल गुरुवार को एएसपी जयराज कुबेर को डबरा देहात थानाक्षेत्र में एक जगह पर अवैध शराब का कारोबार चलने की सूचना मिली थी। जब वे टीम के साथ पहुंचे तो इटायल गांव के पास सरदार के डेरा पर घर में शराब बनाई जा रही थी। जहां से आरोपित गुरुप्रीत सिंह उर्फ नीतू को पकड़ा गया था। मौके से 388 शराब की पेटियां, पैकिंग मशीन, ओपी का वारदाना आदि सामान जब्त हुआ था। इसकी कीमत लगभग 16 लाख रुपये आंकी गई थी।
इन पर हुई कार्रवाईः डबरा देहात टीआइ केडी कुशवाह को लाइन हाजिर किया गया है। क्षेत्र के बीट प्रभारी सहायक उपनिरीक्षक रामसिंह गौर के साथ कार्यवाहक सउनि शिव बहादुर सिंह, कार्यवाहक प्रधान आरक्षक रूप किशोर, आरक्षक प्रदीप और आरक्षक प्रवीण को निलंबित कर दिया है। इधर उक्त मामले में गुरुप्रीत सिंह, महेश शिवहरे, धर्मेद्र, प्रमोद और अर्जुन शिवहरे के खिलाफ एफआइआर दर्ज की गई है।
भिंड: दुष्कर्म केस में लापरवाही,थाना प्रभारी निलंबितः एसपी मनोज कुमार सिंह ने फूफ थाना प्रभारी रवींद्र सिंह तोमर को निलंबित कर दिया है। बताया जा रहा है कि फूफ थाना प्रभारी दुष्कर्म के एक मामले में कार्रवाई नहीं कर रहे थे। जांच में शिकायत सही पाए जाने पर कार्रवाई की गई है।