ग्वालियर मिड-डे मील की खौफनाक सच्चाई, चावल में चूहे का मल और किचन में मिला कॉकरोच
ग्वालियर में मिड-डे मील किचन के निरीक्षण में भारी गंदगी, चावल में चूहे का मल और कॉकरोच मिला। खाद्य सुरक्षा विभाग ने लापरवाही पर दो संस्थाओं से 11 सैंप...और पढ़ें
Publish Date: Wed, 14 Oct 2026 01:52:33 PM (IST)Updated Date: Wed, 14 Oct 2026 01:52:33 PM (IST)
ग्वालियर मिड-डे मील की खौफनाक सच्चाई। (नईदुनिया)HighLights
- ग्वालियर में मिड-डे मील किचन में भारी गंदगी मिली।
- फूड सेफ्टी टीम ने दो संस्थाओं पर औचक कार्रवाई की।
- बच्चों के चावल में चूहे का मल और कॉकरोच मिला।
नईदुनिया प्रतिनिधि, ग्वालियर: सरकारी स्कूलों में नौनिहालों के आहार की क्वालिटी कैसे बेहतर हो जब भोजन बनाया ही इतने घटिया ढंग से जा रहा हो। खुद खाद्य सुरक्षा टीम के सामने मंगलवार को इसका खुलासा हो गया।
मिड डे मील की सप्लाई करने वाली दो संस्थाओं की किचिनों पर प्रशासन के निर्देश खाद्य सुरक्षा टीमों ने औचक जांच की जिसमें यह सामने आया कि बच्चों के भोजन के लिए जो चावल रखा हुआ था वह जमीन पर था और उसमें चूहे का मल पड़ा हुआ था। खुद यह जब अधिकारियों ने देखा तो वे चाैंक गए। इसके अलावा एक काकरोच भी पड़ा मिला। कच्चा व पका भोजन पूरी तरह हाइजीन नहीं मिला।
यह स्थिति शिवपुरी लिंक रोड पर विदिशा की संस्था वर्णिता महिला मंडल की थी। इसके अलावा पुरानी छावनी पर सुशीला देवी महिला मंडल की किचिन पर भी खुले में खाना रखे जाने की बात सामने आई जिसको लेकर अधिकारियों ने निर्देश दिए। दोनों किचिनों से सभी कच्चे व पके भोजन के सैंपल लिए गए हैं, एक फर्म की किचिन से सात तो दूसरी से चार सैंपल लिए गए हैं।
खबर प्रकाशन के बाद प्रशासन आया हरकत में
- बता दें कि नौ अक्टूबर के अंक में नौनिहालों के निवाले भ्रष्टाचार के हवाले और सोमवार के अंक में किचिनों की निगरानी नहीं इसलिए भोजन की गुणवत्ता घटिया शीर्षक से खबर का प्रकाशन किया था इसमें बताया कि स्कूलों में भोजन की क्वालिटी ठीक नहीं पहुंच रहीं है।
- शासकीय कन्या उमा स्कूल ज्येंद्रगंज में तुअर की दाल में दाल नजर नहीं आ रही थी वहीं कच्ची पूड़ी की शिकायत मिली। इसके अलावा किचिनों में कोई निगरानी नहीं होती है इसको भी प्रमुखता से बताया गया। इसके बाद जिला प्रशासन व खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने हरकत में आकर मामले का संज्ञान लिया और जांच के लिए मिड डे मील सप्लाई करने वाली संस्थाओं की किचिनों पर सैंपलिंग कराई गई।
इनकी किचिन के सैंपल
फर्म- वर्णिता महिला मंडल
स्थान: बालाजी फार्म हाउस, शिवपुरी लिंक रोड
- यहां खाद्य सुरक्षा अधिकारी लोकेंद्र सिंह व उनकी टीम पहुंची और पूरी किचिन का निरीक्षण किया। कच्चे खाने का रखरखाव ठीक नहीं पाया गया और चावल फर्श पर पड़े मिले जिसमें चूहे का मल मिला। इसके अलावा जहां खाद्य सामग्री को स्टोर करके रखा जाता है वहां ठीक स्थिति नहीं मिली।
- यहां इंचार्ज व्यक्ति हितेश राय थे और प्रोपराइटर मंजुला साहू हैं। यहां से टीम ने सूजी का हलवा, आलू छोले की सब्जी, तुअर दाल, चावल, धनिया पाउडर, मिर्ची पाउडर व जीरा पाउडर के सैंपल लिए। फर्म को सेक्टर 32 का नोटिस जारी किया जाएगा।
फर्म: श्रीमती सुशीला देवी दीक्षित शिक्षा एवं समाज कल्याण महिला मंडल समिति
स्थान:स्टोन पार्क, पुरानी छावनी
- यहां खाद्य सुरक्षा अधिकारी आनंद शर्मा व राजेश गुप्ता पहुंचे। यहां टीम ने किचिन का निरीक्षण किया और पूरी स्थिति का जायजा लिया। यहां पका हुआ भोजन ढंककर नहीं रखा गया था आशंका थी कि अगर खाने में कुछ गिर जाए तो पता नहीं चलेगा और वही खाना स्कूल पहुंच जाएगा।
- इसको लेकर अधिकारियों ने किचिन स्टाफ को कहा कि पके हुए खाने को रखने वाले बर्तनों में जाली से ढंकने का प्रबंध करें। यहां से टीम ने आलू छोले की सब्जी, सूजी का हलवा, रिफाइंड सोयाबीन तेल और लाल मिर्च पाउडर के सैंपल लिए। सभी सैंपलों को राज्य की लैब में जांच के लिए भेजा जा रहा है।