
नईदुनिया प्रतिनिधि, ग्वालियर। महिला चिकित्सक डॉ. सुजाता वापट को 'डिजिटल अरेस्ट' का भय दिखाकर 38 लाख रुपये की ठगी करने वाले गिरोह से जुड़े एक और आरोपित को पुलिस ने जयपुर से गिरफ्तार कर लिया है।
पकड़ा गया आरोपित फ्लिपकार्ट में डिलीवरी बॉय था और ठगी करने वालों को किराये पर बैंक खाते उपलब्ध कराता था। पूछताछ में उसने खुलासा किया कि अब तक वह करीब 500 लोगों के बैंक खाते खुलवा चुका है।
9 अप्रैल को डॉ. सुजाता को अनजान नंबर से कॉल आया। पहले वॉयस कॉल और फिर टेलीग्राम के जरिए वीडियो कॉल कर उन्हें पुलिस की वर्दी पहनकर यह कहकर धमकाया गया कि उनका नाम मनी लॉन्ड्रिंग और ड्रग तस्करी के केस में ट्रैक हुआ है।
खुद को 'जयपुर क्राइम ब्रांच' बताकर उन्हें डिजिटल अरेस्ट करने की धमकी दी गई और इसी दबाव में उनसे 38 लाख रुपये ठग लिए गए। मामले की शिकायत साइबर क्राइम विंग में दर्ज की गई थी।
आरोपित ओमप्रकाश नायक, जो फ्लिपकार्ट में डिलीवरी बॉय था, ने पैसे की जरूरत वाले लोगों को कमीशन का लालच देकर कई फर्जी या किराये के बैंक खाते खुलवाए। ठगों द्वारा हड़पी गई रकम इन्हीं खातों में भेजी जाती थी।
पुलिस ने बताया कि ठगों के नेटवर्क से जुड़े तीन आरोपित पहले ही गिरफ्तार किए जा चुके हैं। जांच के दौरान ओमप्रकाश का नाम सामने आया था।
आरोपित जयपुर में छिपकर रह रहा था। उसे पकड़ने के लिए साइबर विंग की टीम ने भी डिलीवरी बॉय के रूप में खुद को पेश किया, ताकि इलाके में शक न हो। उसका फोटो पहले से पुलिस के पास था। जैसे ही वह दिखाई दिया, टीम ने उसे दबोच लिया।