Gwalior Cyber Crime: विंडसर हिल्स के डुप्लेक्स से चल रहा था अंतरराष्ट्रीय कॉल सेंटर, 100 करोड़ का सट्टा और ठगी का खुलासा
ग्वालियर क्राइम समाचार: वेबसाइट यहीं के जरिये ऑपरेट हो रही थी। करीब दो माह से यह लोग ड्यूप्लेक्स में बाकायदा सट्टे और ऑनलाइन गेमिंग का कॉल सेंटर चला र...और पढ़ें
Publish Date: Sun, 13 Sep 2026 10:09:09 PM (IST)Updated Date: Sun, 13 Sep 2026 10:09:53 PM (IST)
विंडसर हिल्स और पकड़े गए आरोपियों के फाइल फोटो।HighLights
- दुबई और श्रीलंका से जुड़े तार, 5 आरोपी गिरफ्तार
- लैपटॉप, मोबाइल और 37 सिम बरामद; सरगना फरार
- हर महीने 7 से 8 करोड़ रुपये की ठगी का खुलासा
नईदुनिया प्रतिनिधि, ग्वालियर। ग्वालियर पुलिस की साइबर क्राइम विंग ने ऑनलाइन गेमिंग, सट्टा के जरिये लोगों को ठगने वाले अंतरराष्ट्रीय गिरोह का राजफाश किया है। शहर के न्यू सिटी सेंटर में विंडसर हिल्स स्थित ड्यूप्लेक्स बी-20 से यह पूरा नेटवर्क चल रहा था। शनिवार रात करीब 12.30 बजे जब ग्वालियर पुलिस की टीम यहां पहुंची और पांच लोगों को पकड़ लिया। यह पांचों युवक ऑनलाइन गेमिंग, बैटिंग और सट्टे का नेटवर्क चला रहे थे। 100-पैनल वेबसाइट के जरिये ऑनलाइन सट्टा और गेमिंग का नेटवर्क चल रहा था। इस गिरोह के तार श्रीलंका और दुबई से जुड़ गए हैं।
वेबसाइट यहीं के जरिये ऑपरेट हो रही थी। करीब दो माह से यह लोग ड्यूप्लेक्स में बाकायदा सट्टे और ऑनलाइन गेमिंग का कॉल सेंटर चला रहे थे। सालाना यह लोग करीब 100 करोड़ रुपये का लेनदेन कर रहे थे। ठगी करने के बाद रुपया आगे म्यूल खातों में भेज देते थे।
राउटर डिस्कनेक्ट होते ही व्हाट्स एप व टेलीग्राम पर कॉल
पूछताछ में पुलिस को आरोपियों के वाट्सएप के जरिये दुबई और श्रीलंका में बैठे सरगनाओं के सुराग मिले हैं। पुलिस ने यहां पहुंचते ही राउटर डिस्कनेक्ट कर दिया। इससे लाइन कट गई, तुरंत ही श्रीलंका में बैठे सरगना का वाट्स एप और टेलीग्राम एप पर कॉल आना शुरू हो गया।
यह आरोपी पकड़े
- सोहित करेर (22 वर्ष) - निवासी मुरार, ग्वालियर।
- दिनेश रायकवार (28 वर्ष) - निवासी दतिया।
- शांतनु श्रीवास (20 वर्ष) - निवासी मुरार, ग्वालियर।
- सुमित कुशवाह (26 वर्ष) - निवासी गोला का मंदिर, ग्वालियर।
- दीपक आर्य (34 वर्ष) - निवासी मुरार, ग्वालियर।
यह सामान बरामद
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से भारी मात्रा में इलेक्ट्रानिक उपकरण जब्त किए हैं- 23 मोबाइल फोन और 37 सिम कार्ड, तीन लैपटॉप, 11 एटीएम कार्ड और बैंक पासबुक।
मकान मालिक भी जांच के दायरे में
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सुजावल जग्गा के नेतृत्व में प्रशिक्षु आईपीएस अधिकारी मनोज कुमार, डीएसपी नागेंद्र सिंह सिकरवार, मनीष यादव, क्राइम ब्रांच प्रभारी अमित शर्मा, एसआइ धर्मेंद्र शर्मा और उनकी टीम ने कार्रवाई की। ड्यूप्लेक्स मालिक भी जांच के दायरे में है।
ग्वालियर का सरगना फरार, हर महीने वेतन पर थे युवक
ग्वालियर में सूरज आर्य इन पांचों का सरगना है। उसी ने किराये पर ड्यूप्लेक्स दिलाया था। सूरज आर्य पुलिस को मिला नहीं है। उसी ने ड्यूप्लेक्स किराये पर लिया था।
ऐसे करते थे ठगी... शुरुआत में जिताते थे, ज्यादा पैसा लगते ही पलट देते थे बाजी
ऑनलाइन गेमिंग और बैटिंग में यह बड़ा फर्जीवाड़ा कर लोगों को ठग रहे थे। शुरुआत में जब कम रुपया लगाया जाता है तो यह जिता देते थे। लालच बढ़ते ही लोग ज्यादा रकम लगाते थे। एक बार बड़ी रकम हारने के बाद लोग मजबूरी में खेलते थे, जिससे उनका रुपया वापस आ सके। एक-एक व्यक्ति से यह लाखों रुपये तक ठग लेते थे।
म्यूल खातों से यूएसडीटी के जरिये क्रिप्टो में कन्वर्ट करते थे रुपया
यह पूरा रुपया क्रिप्टो करंसी में बदलकर विदेश जा रहा था। म्यूल खातों से यूएसडीटी के जरिये रुपया क्रिप्टो करंसी में कन्वर्ट किया जाता था। पे-वालेट के जरिये क्रिप्टो करंसी दुबई, श्रीलंका भेजे देते थे।
ऑनलाइन बैटिंग, गेमिंग के जरिये लोगों को ठगने वाले गिरोह का राजफाश किया है। पांच लोग पकड़े हैं। इनसे पूछताछ चल रही है। अभी इसमें और राजफाश होंगे। - धर्मवीर सिंह, एसएसपी।