
Gwalior Railway News: नईदुनिया प्रतिनिधि, ग्वालियर। रेलवे ने अब मोबाइल से जनरल टिकट बुक करने के नियमों में बदलाव किया है। यूटीएस आन मोबाइल एप में अब रेलवे स्टेशन से दूरी की बाध्यता को खत्म कर दिया है। पह ले इस एप की मदद से स्टेशन के आउटर से 20 किमी की दूरी तक ही अनारक्षित टिकट लिए जा सकते थे, लेकिन अब इसे समाप्त कर दिया गया है। अब यात्री आसानी से कहीं से भी टिकट जनरेट कर पाएंगे। हालांकि रेलवे स्टेशन पर यह एप काम नहीं करेगा। वहां जनरल टिकट काउंटर से लेने होंगे।
स्टेशन से 130 मीटर की दूरी से एप के माध्यम से टिकट बुक हो जाएगा। एप से टिकट बुक होते ही यात्री के मोबाइल पर मैसेज आ जाएगा। यात्रा समाप्त होते ही टिकट स्वत: ही डिलीट हो जाएगा। इस टिकट पर न तो कोई दूसरा यात्रा कर सकेगा और न ही किराए की वापसी होगी। टिकट का स्क्रीनशाट भी नहीं लिया जा सकेगा। इससे फर्जीवाड़े पर भी रोक लगेगी। टिकट की राशि का भुगतान आनलाइन डेबिट-क्रेडिट कार्ड सहित यूपीआइ और ई-वालेट से किया जा सकेगा। गौरतलब है कि गत अप्रैल माह में ही 29 लाख से अधिक यात्रियों ने जनरल टिकट काउंटर से टिकट लिए, वहीं यूटीएस एप से मात्र 17 हजार यात्रियों ने टिकट खरीदे। रेलवे ने जन रल टिकट पर यात्रा करने वालों को लाइनों से बचाने के साथ कागज की बर्बादी रोकने के लिए यूटीएस एप शुरू किया है।
गर्मी के मौसम में ट्रेनों में भीड़भाड़ बढ़ने के साथ ही गंदगी में भी इजाफा हो रहा है। इसके अलावा कई यात्री बेटिकट यात्रा कर रहे हैं। इसके मद्देनजर रविवार को मंडल के वाणिज्य प्रबंधक अमन वर्मा के नेतृत्व में ट्रेनों में चेकिंग अभियान शुरू किया गया। इस दौरान ग्वालियर-जौरा मेमू ट्रेन में चेकिंग अभियान के दौरान 15 बेटिकट यात्रियों से तीन हजार से अधिक का जुर्माना वसूल किया गया। इस दौरान बेटिकट यात्री कई तरह के बहाने बनाते नजर आए। कई यात्री आगे से टिकट लेकर यात्रा करने की बात कहते रहे, लेकिन स्टाफ ने नहीं माना। कार्रवाई के दौरान डिप्टी सीटीआइ धीरेंद्र सिंह, जुगल किशोर, आरपीएफ स्टाफ से उमेश कुमार शर्मा और हरिओम चाहर शामिल थे।