
नईदुनिया प्रतिनिधि, ग्वालियर। सांदीपनि पद्मा विद्यालय में निर्माण के दौरान छत गिरने के हादसे की जांच के लिए भोपाल से पुलिस हाउसिंग कार्पोरेशन की टीम मंगलवार को ग्वालियर आई। टीम ने पद्मा स्कूल पहुंचकर हादसे वाली जगह पर तकनीकी पहलुओं और मटेरियल की जांच की और मौके पर मौजूद साइट इंजीनियर व अन्य अफसरों से बातचीत की।
जांच के दौरान टीम ने प्रथम दृष्टया उपयंत्री, सहायक यंत्री और कार्यपालन यंत्री की उदासीनता पाई। इसके बाद सहायक यंत्री राजदीप जादौन और उपयंत्री सत्येंद्र पाण्डेय को निलंबित कर दिया गया और परियोजना यंत्री मनोज आचार्य को नोटिस दिया गया है। टीम ने निर्माण सामग्री को भी जांच के लिए अपने साथ ले जाने की बात सामने आई है, हालांकि टीम को क्या खामियां मिली हैं, इसका खुलासा नहीं हो पाया है। टीम ने मौके पर करीब दो घंटे तक जांच की।
बता दें कि सोमवार को पद्मा विद्यालय में बन रहे नवीन भवन की छत कास्टिंग के दौरान गिर गई थी और दो पिलर भी टूट गए थे। इस हादसे में चार मजदूर घायल हुए थे। घटना को लेकर कलेक्टर ने पुलिस हाउसिंग कार्पोरेशन के प्रबंध निदेशक अनंत सिंह से बात की थी। इसके बाद प्रबंध निदेशक ने चीफ प्रोजेक्ट इंजीनियर के नेतृत्व में जांच के लिए टीम गठित की थी, जो मंगलवार को ग्वालियर पहुंची।
इस हादसे के बाद अन्य सांदीपनि स्कूलों के भवनों की गुणवत्ता पर भी सवाल खड़े हो गए हैं। ग्वालियर शहर में चार सांदीपनि स्कूल हैं और चार स्कूल ग्रामीण क्षेत्र में हैं। शहर में पद्मा विद्यालय, पटेल स्कूल हजीरा, कन्या विद्यालय किला गेट और माडल स्कूल डीडी नगर हैं। वहीं ग्रामीण क्षेत्र में शासकीय स्कूल कुलैथ, बेरजा, हस्तनापुर और डबरा में हैं। ग्रामीण क्षेत्र के सभी स्कूलों के नए और आधुनिक भवन बन चुके हैं।
शहर में कन्या विद्यालय किला गेट का नया भवन मलगढ़ा के पास बन गया है। पद्मा विद्यालय को दो पार्ट में बनाया जा रहा है, जिसमें एक पार्ट बन गया है और दूसरे पार्ट का निर्माण चल रहा था, जहां हादसा हुआ। पटेल स्कूल और माडल स्कूल डीडी नगर का भवन वर्तमान में बन रहा है। ऐसे में इन भवनों की गुणवत्ता पर भी प्रश्नचिह्न लग गया है।
लोक शिक्षण विभाग की टीम ने भी जांच रिपोर्ट सौंप दी है, हालांकि रिपोर्ट का खुलासा नहीं हुआ है। टीम में शामिल अफसरों ने बताया कि तीनों ही निर्माणाधीन भवनों में दीवार और बीम के पास हल्के क्रैक देखने को मिले थे। पटेल स्कूल और माडल स्कूल डीडी नगर के भवन का काम पूरा हो चुका है और केवल फिनिशिंग का काम चल रहा है। ऐसे में मटेरियल और अन्य चीजों की कमियां सामने नहीं आईं। टीम की जानकारी और सांदीपनि स्कूल के भवनों को लेकर प्रोजेक्ट इंजीनियर मनोज आचार्य को कई बार कॉल किए गए, लेकिन उन्होंने कॉल रिसीव नहीं की।
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