
ग्वालियर। द इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड एकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया ने अपनी नई एजुकेशन स्कीम और ट्रेनिंग को एक जुलाई 2023 से लागू किया। इस नई स्कीम के अंतर्गत सीए स्टूडेंट्स को सीए फाइनल की परीक्षाओं में बैठने से पहले सेल्फ-पेस्ड ऑनलाइन मॉड्यूल लर्निंग को कम्पलीट करना और फिर उसके बाद इसका ऑनलाइन टेस्ट देना अनिवार्य किया है।
आईसीएआई की ग्वालियर शाखा के उपाध्यक्ष सीए पंकज शर्मा ने बताया कि नई स्कीम के अनुसार अब स्टूडेंट्स spmt.icai.org वेबसाइट पर जाकर स्वयं के स्टूडेंट्स लाॅगिन पोर्टल के आई पासवर्ड को दर्ज कर इस सेल्फ-पेस्ड माॅड्यूल टेस्ट के लिए आवेदन कर सकते हैं। स्टूडेंट्स को यह सुविधा दी गई है कि वे अपनी सहूलियत से सिटी, तारीख और स्लाॅट का चयन कर सकते हैं।
आईसीएआई अपनी परीक्षा प्रणाली में टेक्नोलाॅजी को बढ़ावा दे रहा है
आईसीएआई के सेंट्रल काॅउंसिल मेंबर सीए अभय छाजेड़ ने बताया कि आईसीएआई अपनी परीक्षा प्रणाली में टेक्नोलाजी को बढ़ावा दे रहा है। पेपर पेन की बजाय आनलाइन मोड में एग्जाम से अधिक पारदर्शिता आती है। नई एजुकेशन स्कीम में जहां हमने पाठ्यक्रम में विषय कम किए, उसी को ध्यान में रखकर उन विषयों को सेल्फ-पेस्ड आनलाइन माड्यूल में लाया गया है, जिसमें कास्ट और लॉ जैसे विषयों में स्टूडेंट्स को वर्किंग नालेज मिलेगी।
स्टूडेंट्स को एग्जाम सेंटर्स पर जाकर यह टेस्ट देना होगा और कुछ घंटों बाद ही उसका रिजल्ट उसको पता लग जाएगा। पूरे भारतवर्ष में इस टेस्ट के लिए सेंटर्स की संख्या को बढ़ाने पर काम किया जा रहा है और आने वाले समय मे स्टूडेंट्स प्रतिदिन के आधार पर इस टेस्ट को दे सकेंगे। सीए स्टूडेंट्स को समय के साथ अपडेट रखने के लिए आइसीएआइ नए कदम उठाता है, जिससे बौद्धिक और प्रैक्टिकल नालेज में वृद्धि हो सके।
माॅड्यूल टेस्ट प्रति पेपर 100 मार्क्स का होगा
इस सेल्फ-पेस्ड माड्यूल टेस्ट में माड्यूल ए: कार्पोरेट एंड इकोनामिक लॉ एवं माड्यूल बी: स्ट्रेटेजिक कास्ट और परफार्मेंस मैनेजमेंट का है। वहीं माॅड्यूल सी एवं माड्यूल डी में वैकल्पिक विषय रहेंगे, जिन्हें स्वयं स्टूडेंट्स द्वारा सिलेक्ट किया जा सकेगा। माॅड्यूल टेस्ट प्रति पेपर 100 मार्क्स का होगा और 50 फीसद अंक पाकर उसको क्वालीफाई किया जा सकेगा। इस टेस्ट के लिए ऑनलाइन माध्यम से 500 रुपये की फीस का भुगतान करके अपनी सीट बुक कराई जा सकेगी।
पहले करना होगी 40 घंटों की सेल्फ-पेस्ड ऑनलाइन माॅड्यूल लर्निंग
सीए स्टूडेंट्स जिन्होंने फाइनल कोर्स के लिए अपना रजिस्ट्रेशन करा लिया हैं और उन्होंने सेल्फ-पेस्ड ऑनलाइन माड्यूल लर्निंग के सेट ए और सेट बी के नियत 40 घंटे की लर्निंग को पूरा कर लिया है और सेट सी एवं सेट डी की नियत 20 घंटे की लर्निंग को पूरा कर लिया है, उन्हीं स्टूडेंट्स को यह टेस्ट देने की अनुमति होगी।
मल्टी चाइस बेस्ड प्रश्नों के देने होंगे जवाब
सेल्फ-पेस्ड माॅड्यूल टेस्ट में स्टूडेंट्स से मल्टी च्वाइस प्रश्न पूछे जाएंगे। कुल 100 प्रश्न पूछे जाएंगे, जिनमें से 50 सही वैकल्पिक प्रश्नों के जवाब देकर उस सेट को क्वालीफाई किया जा सकेगा। गलत जवाब के लिए कोई निगेटिव मार्किंग नहीं होगी।
ग्रेजुएशन उत्तीर्ण होने पर छात्र करा सकेंगे सीएस एग्जीक्यूटिव में एडमिशन
इंस्टीट्यूट ऑफ कंपनी सेक्रेटरी ऑफ इंडिया ने अपनी 309वीं काउंसिल मीटिंग में स्टूडेंट्स के हित में कुछ महत्वपूर्ण निर्णय लिए। इनमें ग्रेजुएशन कर चुके छात्र जिनका स्कोर 50 फीसद नहीं है, उनके लिए भी खुशखबरी है।
सीएस अंकुर गर्ग ने बताया कि अब कंपनी सेक्रेटरी एग्जीक्यूटिव में रजिस्ट्रेशन करने के लिए ग्रेजुएशन में 50 फीसद अंक लाने का क्राइटेरिया समाप्त कर दिया है। इससे पहले अगर कोई छात्र ग्रेजुएशन में 50 फीसद नहीं लाता था तो उसको सीएसईट की परीक्षा उत्तीर्ण करना अनिवार्य होता था, पर अब इस क्राइटेरिया में रियायत दी गईं है।
अब विद्यार्थी को सिर्फ ग्रेजुएशन में उत्तीर्ण होना है और वह सीएस एग्जीक्यूटिव के लिए रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं। इस रियायत से अब विद्यार्थी अपना कंपनी सेक्रेटरी बनने का सपना पूरा कर सकते हैं और अपनी मेहनत और लगन से कंपनी सेक्रेटरी बन सकते हैं। इसके साथ ही काउंसिल ने एक जून 2024 से कंपनी सेक्रेटरी कोर्स के फीस स्ट्रक्चर में परिवर्तन करने का भी निर्णय लिया है।