
नईदुनिया प्रतिनिधि, ग्वालियर। स्वामित्व योजना के आंकड़े जल्द पूरा करने के लिए ग्वालियर में राजस्व अमला प्राथमिकता के साथ मैदान में जुटा हुआ है। योजना को गति देने के लिए अब पांच या छह नवंबर को जनप्रतिनिधि भी गांव-गांव जाएंगे और स्वामित्व के काम को तेजी से आगे बढ़ाने में सहयोग करेंगे। जिस जनप्रतिनिधि का जो क्षेत्र होगा, वे वहां पहुंचकर समीक्षा करेंगे। इसको लेकर जिला प्रशासन ने तैयारी शुरू कर दी है।
जिले में स्वामित्व अधिकार अभिलेख निष्पादन व पंजीयन कार्य के तहत कुल 494 गांवों में 69,988 भूखंडों के सापेक्ष 1,05,171 लाभार्थियों को चिन्हित किया गया है। अब तक कुल 17,657 पंजीयन यानी रजिस्ट्री का कार्य पूरा किया जा चुका है, जो कि कुल लक्ष्य का 25.23 प्रतिशत है। कल तक 17,080 पंजीयन पूरे हुए थे, जबकि 2 नवंबर को विशेष अभियान में एक ही दिन में 577 नए पंजीयन दर्ज किए गए। वर्तमान में 686 मामलों में रजिस्ट्री की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है।
आंकड़ों के अनुसार 1,396 आवेदन पटवारी सत्यापन के स्तर पर हैं, 381 आवेदन जमा किए जा चुके हैं और 55 मामलों में पंजीकरण की कार्रवाई प्रक्रियाधीन है। राजस्व विभाग इन आवेदनों को जल्द निपटाने में लगा है ताकि लक्ष्य समय पर पूरा हो सके।
तहसीलवार प्रदर्शन देखा जाए तो जिला स्तर पर सिटी सेंटर तहसील सबसे उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए 43.06 प्रतिशत कार्य पूर्णता के साथ शीर्ष पर है। इसके विपरीत, ग्वालियर ग्रामीण तहसील में कार्य की गति सबसे धीमी है, जहां अब तक केवल 19.09 प्रतिशत लक्ष्य ही हासिल हो सका है। अन्य तहसीलों में मुरार में 35.16 प्रतिशत, भितरबार में 29.95 प्रतिशत, डबरा में 26.87 प्रतिशत, घाटीगांव में 24.58 प्रतिशत, पिछोर में 21.43 प्रतिशत, चीनोर में 20.78 प्रतिशत और तानसेन में 19.63 प्रतिशत काम पूरा हुआ है।
सोमवार को कार्य में सबसे अधिक तेजी पिछोर तहसील में देखी गई, जहां एक ही दिन में 117 पंजीयन पूरे किए गए। प्रशासन का कहना है कि जनप्रतिनिधियों के मैदान में उतरने के बाद इस गति में और तेजी आएगी।