
नईदुनिया प्रतिनिधि, ग्वालियर। थटीपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत मेला रोड स्थित पीएनटी कॉलोनी में रविवार को सिगरेट न मिलने की मामूली सी बात पर एक युवक ने सिरफिरेपन की सारी हदें पार कर दीं। आरोपित ने पहले दुकान में पेट्रोल छिड़का और फिर घर की बालकनी से पेट्रोल से भरी जलती हुई बोतल (पेट्रोल बम) नीचे फेंककर दुकान को आग के हवाले कर दिया। इस खौफनाक वारदात में दुकान में मौजूद दुकानदार का बेटा अंदर ही आग की लपटों से घिर गया, जिसे बचाने की कोशिश में पिता और बहन भी बुरी तरह झुलस गए।
न्यू नेहरू कॉलोनी निवासी 55 वर्षीय योगेंद्र सिंह राठौर की मेला रोड पर 'समृद्धि स्टोर' नाम से परचून की दुकान है। रविवार को क्षेत्र का ही रहने वाला सोमेश उर्फ कोमेश विमल सिगरेट मांगने दुकान पर आया था। जब योगेंद्र ने सिगरेट का स्टॉक खत्म होने की बात कही, तो आरोपित आपा खो बैठा और गाली-गलौज करने लगा।
गुस्साए आरोपित ने दुकान के बाहर रखे डस्टबिन में जोर से लात मार दी। इसके बाद जब उसने जेब से पेट्रोल निकालकर छिड़कने की कोशिश की, तो आसपास मौजूद लोगों ने उसे धर दबोचा और मौके से भगा दिया।
विवाद की खबर मिलते ही योगेंद्र की बेटी वैष्णवी और बेटा मनु उर्फ मनुर भी दुकान पर आ गए। इसी बीच बदला लेने की नीयत से आरोपित सोमेश दोबारा पेट्रोल से भरी बोतल लेकर पहुंचा और पूरी दुकान पर पेट्रोल उड़ेल दिया। इसके कुछ ही देर बाद आरोपित अपने घर की बालकनी में पहुंचा। आरोप है कि उसने पेट्रोल से भरी एक दूसरी बोतल में कपड़े की बाती लगाई, उसमें आग सुलगाई और सीधा नीचे दुकान की तरफ फेंक दिया। बोतल गिरते ही जोरदार धमाका हुआ और पूरी दुकान लपटों से घिर गई।
धमाके के वक्त मनु दुकान के अंदर ही मौजूद था और आग की लपटों के बीच फंस गया। बाहर खड़े पिता योगेंद्र और बहन वैष्णवी बिना अपनी परवाह किए लपटों में कूद पड़े। इस मशक्कत में तीनों गंभीर रूप से झुलस गए। चीख-पुकार सुनकर दौड़े पड़ोसियों ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया और तीनों पीड़ितों को तुरंत इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया।
घटना की सूचना मिलते ही थटीपुर थाना पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंची। पुलिस ने घटनास्थल का मुआयना कर साक्ष्य जुटाए हैं और आरोपित के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
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