
नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर। शासन द्वारा सोमवार देर रात जारी तबादला सूची के बाद इंदौर जिला प्रशासन में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल सामने आया है। जिले में पदस्थ आठ संयुक्त कलेक्टरों का स्थानांतरण कर दिया गया है, जबकि उनके स्थान पर केवल छह नए अधिकारियों की पदस्थापना की गई है। एक अपर कलेक्टर को भी बदला गया है।
एसडीएम बदलने से अधिक असर नहीं दिखाई देगा, लेकिन अपर कलेक्टर की कमी के कारण प्रशासनिक कार्य में परेशानी हो सकती है। तबादला आदेश में लंबे समय से दोहरी जिम्मेदारी संभाल रहे रिंकेश वैश्य को अपर कलेक्टर इंदौर का दायित्व पूरी तरह से सौंप दिया गया है।
वह अब तक प्रभारी के तौर पर यह जिम्मेदारी संभाल रहे थे। वहीं अपर कलेक्टर रोशन राय का स्थानांतरण मैहर कर दिया गया है। राय के जाने के बाद इंदौर में अपर कलेक्टरों की संख्या और सीमित हो जाएगी।
गौरतबा है कि आर्थिक राजधानी होने के कारण इंदौर में सामान्यतः चार से पांच अपर कलेक्टर पदस्थ रहते थे, लेकिन लंबे समय से यहां केवल दो ही अधिकारी जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। इंदौर में लगातार बड़े आयोजन, वीआईपी मूवमेंट और प्रोटोकॉल ड्यूटी रहती है।
वर्तमान में अपर कलेक्टर निशा दामोर स्वास्थ्य कारणों से लंबे अवकाश पर हैं, जिसके चलते प्रशासनिक जिम्मेदारियों का मुख्य भार नवजीवन पवार और रिंकेश वैश्य पर रहेगा। संयुक्त कलेक्टरों के तबादले से तहसीलों और विभिन्न शाखाओं का कार्य विभाजन फिर से हो सकता है।
तबादला आदेश में राकेश मोहन त्रिपाठी को दमोह, गोपाल वर्मा को भोपाल, नीरज खरे को टीकमगढ़, प्रदीप सोनी को आलीराजपुर, ओमनारायण बड़कुल को विदिशा, प्रिया पटेल को खंडवा, प्रियंका चौरसिया को रतलाम और सीमा कनेश को शाजापुर स्थानांतरित किया गया है।
वहीं इंदौर जिले में श्रुति अग्रवाल, लोकेंद्र सिंह सरल, राहुल गुप्ता, अलका सिंह वामनकर, राजेश कुमार सिंह, हरिशंकर विश्वकर्मा की पदस्थापना की गई है।