• Jagran.com
  • Jagran Josh
  • Her Zindagi
  • Onlymyhealth
  • Jagran TV
  • Vishvas News
  • Inextlive
  • मेरी खबरें
मेरी खबरें
  • होम
  • ताजा खबरें
  • मध्यप्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • धर्म
  • मनोरंजन
  • राशिफल
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
    • बिज़नेस
    • बड़ी खबरें
    • खेल
    • विदेश
    • करियर
    • टॉपिक्स
    • टेक्नोलॉजी
    • शिक्षा
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • राशिफल
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • फटाफट
  • राशिफल
  • वेब स्टोरीज
नईदुनिया ट्रेंडिंग
  • बढ़ता यूपी
  • AI बूटकैंप
  • समृद्ध उत्तराखंड
  • गणेशोत्‍सव 2026
  • हनुमान अंश
  • Mutual Funds मास्टरी
  • मध्‍य प्रदेश की खबरें
  • राशि परिवर्तन
  • मानसून
  • स्वच्छ जल
  • होम
  • मध्य प्रदेश
  • इंदौर

इंदौर के मेट्रो रूट के दोनों तरफ के मकानों से वसूला जाएगा अतिरिक्त कर, जनता को पता ही नहीं

मेट्रो रूट के अंडरग्राउंड काम की कार्ययोजना में बदलाव हो चुका है। अलाइमेंट ही बदल गया है। 22 अगस्त 2024 का गजट संशोधन जरूरी है। मेट्रो के नए प्लान की ...और पढ़ें

By Kuldeep BhawsarEdited By: Ramnath Mutkule
Publish Date: Tue, 01 Sep 2026 07:28:51 PM (IST)Updated Date: Tue, 01 Sep 2026 07:28:51 PM (IST)
इंदौर के मेट्रो रूट के दोनों तरफ के मकानों से वसूला जाएगा अतिरिक्त कर, जनता को पता ही नहीं
इंदौर में चल रहा भूमिगत मेट्रो का काम। (फाइल फोटो)

HighLights

  1. फिलहाल जारी रहेगा मेट्रो का अंडरग्राउंड काम
  2. याचिकाकर्ता ने कहा गजट संशोधन ही नहीं किया और काम कर रहे हैं
  3. कोर्ट ने कहा- मामले को लेकर मेट्रो कॉर्पोरेशन स्थिति स्पष्ट करे

नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर : मेट्रो रूट के अंडरग्राउंड काम की कार्ययोजना में बदलाव हो चुका है। नई कार्ययोजना से अंडरग्राउंड काम का अलाइनमेंट ही बदल गया है। इसके चलते 22 अगस्त 2024 का गजट संशोधन जरूरी है। साथ ही गजट संशोधन के साथ प्रकाशन भी जरूरी है।

20 से 25 हजार भवन प्रभावित हो रहे हैं

मेट्रो के नए प्लान की वजह से 20 से 25 हजार भवन प्रभावित हो रहे हैं, लेकिन किसी को इसकी जानकारी नहीं है। मेट्रो रूट के दोनों तरफ के मकानों से अतिरिक्त कर वसूला जाएगा, लेकिन जनता को इसकी जानकारी ही नहीं दी गई। स्थिति स्पष्ट की जाना चाहिए।


मेट्रो प्रोजेक्ट के अंडर ग्राउंड काम की वजह से भूमिगत जल विखंडित होगा

यह बात मेट्रो के अंडरग्राउंड काम को चुनौती देने वाली याचिका दायर करने वाले किशोर कोडवानी ने मंगलवार को हाई कोर्ट में कही। उन्होंने कहा कि मेट्रो प्रोजेक्ट के अंडर ग्राउंड काम की वजह से भूमिगत जल विखंडित होगा, लेकिन कोई इस बिंदु पर विचार करने को तैयार नहीं है।

अलाइनमेंट में बदलाव के बाद गजट संशोधन भी नहीं हुआ

नई कार्ययोजना के तहत बदले अलाइनमेंट का गजट संशोधन भी नहीं किया गया है। पुरातात्विक भवनों के 200 मीटर क्षेत्र के भीतर इस प्रोजेक्ट को बनाया जा रहा है। जबकि नियमानुसार इस हिस्से में खोदाई या अन्य निर्माण नहीं हो सकते। पेड़ों को भी बेवजह काटा जा रहा है। नई कार्ययोजना बनाकर नियमों की अनदेखी की जा रही है।

मेट्रो के अंडर ग्राउंड काम पर कोई रोक नहीं है

कोर्ट ने याचिकाकर्ता के तर्क सुनने के बाद मेट्रो कॉर्पोरेशन से कहा कि वह स्थिति स्पष्ट करते हुए प्रतिवेदन प्रस्तुत करे। फिलहाल मेट्रो के अंडर ग्राउंड काम पर कोई रोक नहीं है। काम जारी रहेगा। अगली सुनवाई 8 सितंबर को होगी।

यह भी पढ़ें- इंदौर को जाम से मिलेगी राहत, लवकुश चौराहा फ्लाईओवर का एक लेन वाहनों के लिए खुलेगा, हजारों चालकों का बचेगा समय