
नईदुनिया प्रतिनिधि,इंदौर। अंतरराष्ट्रीय बुलियन वायदा मार्केट में बुधवार को फिर दोनों कीमती धातुअों में तेजी दर्ज की गई। दरअलस, अमेरिकी कमजोर डालर और कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट से महंगाई को लेकर चिंता कम हुई है। इसके साथ ही ब्याज दरे लंबे समय तक ऊंची रहने की उम्मीद भी थोड़ी कम हुई है।
वहीं अमेरिका-ईरान शांति समझौते की उम्मीद बढ़ी है। इस लिए ग्लोबल फैक्टर्स से निवेशकों का भरोसा सोने-चांदी में फिर बढ़ गया है जिसका असर दोनों कीमतीं धातुओं के दामों पर पड़ा।
बुधवार को कामेक्स पर सोना वायदा उछलकर एक बार फिर 4700 डालर प्रति औंस और चांदी वायदा भी बढ़कर 77.32 डालर प्रति औंस पर कारोबार करती देखी गई।
इसके चलते इंदौर मार्केट में भी सोना केडबरी सुधरकर 1500 रुपये बढ़कर 152000 रुपये प्रति दस ग्राम और चांदी चौरसा 4000 रुपये बढ़कर 246000 रुपये प्रति किलो पर पहुंच गई।
एक ज्वेलर्स का कहना है कि अमेरिकी-ईरान शांति समझौता फाइनल होने तक सोने-चांदी में हर बढ़त पर मुनाफावसूली देखने को मिल सकती है जबतक कच्चे तेल की कीमतों में लगातार और स्थायी गिरावट नहीं आती है।
कामेक्स वायदा पर सोना 4700 डालर तक जाने के बाद ऊपर में 4708 डालर और नीचे में 4546 डालर प्रति औंस और चांदी 77.32 डालर तक जाने के बाद ऊपर में 77.37 डालर और नीचे में 72.19 डालर प्रति औंस पर कारोबार करती देखी गई।