
नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर। मध्य प्रदेश के इंदौर में सोमवार को एक अवैध वृद्धाश्रम को गिरा दिया गया। कुछ दिन पहले सोशल मीडिया पर एक वीडियो सामने आया था जिसमें वहां रहने वाली बुजुर्ग महिलाओं के साथ मारपीट की जा रही थी, जिससे लोगों में काफी गुस्सा फैल गया था।
अधिकारियों के अनुसार, बांगंगा पुलिस थाना क्षेत्र में स्थित इस वृद्धाश्रम के खिलाफ जांच तब शुरू की गई जब सोशल मीडिया पर एक वीडियो सामने आया। इस वीडियो में एक 14 साल का लड़का वहां रहने वाली महिलाओं को डंडे से पीटता हुआ दिखाई दे रहा था।
सब-डिविजनल मजिस्ट्रेट निधि वर्मा ने बताया कि जांच में पता चला कि यह वृद्धाश्रम नगर निगम की 8,000 वर्ग फुट की जमीन पर चलाया जा रहा था, जिस पर पिछले चार साल से कब्जा किया हुआ था। उन्होंने बताया कि जांच के बाद, वृद्धाश्रम चलाने वाली नीलम दुबे ने वह जमीन इंदौर नगर निगम को वापस सौंप दी और उस जगह को गिरा दिया गया।
अधिकारियों ने बताया कि प्रशासन ने 30 जुलाई को ही इस वृद्धाश्रम को सील कर दिया था और वहां रहने वाले 31 लोगों को सामाजिक न्याय विभाग के तहत चलने वाले सरकार से मान्यता प्राप्त दूसरे केंद्रों में भेज दिया था। उन्होंने बताया कि जांच में यह भी पता चला कि यह वृद्धाश्रम जरूरी कानूनी मंजूरी के बिना चलाया जा रहा था।
बुज़ुर्ग महिलाओं के साथ मारपीट करने के आरोपी लड़के को बाल कल्याण समिति (CWC) के सामने पेश किया गया, जिसने उसे अपनी सुरक्षा और देखरेख में ले लिया है।