
नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर (Indore Harda Highway)। इंदौर-हरदा राजमार्ग का काम खत्म करने के लिए नई डेडलाइन जारी की गई है। इसके तहत दिसंबर तक एजेंसी को निर्माण कार्य पूरा करना होगा। समीक्षा करने के बाद भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) के क्षेत्रीय अधिकारी एसके सिंह ने यह निर्देश दिए हैं।
आठ लेन में बनने वाले इस राजमार्ग का 50 फीसद काम पूरा हो चुका है। अधिकारियों के मुताबिक राजमार्ग बनने से 16 गांवों को फायदा मिलेगा। सड़क किनारों की बजाए डिवाइडर के बीच खाली जमीन पर पौधे रोपेंगे, क्योंकि किनारों के आसपास गांवों के विस्तार के लिए जमीन छोड़ गई है।
कनाड़िया से लेकर राघवगढ़ तक इंदौर-हरदा राजमार्ग का नया हिस्सा बनाया जा रहा है। 27 किमी की इस सड़क से इंदौर से लगे गांवों की कनेक्टिविटी बेहतर होगी, जिसमें कनाड़िया, खुडैल, काजी पलासिया सहित अन्य गांव शामिल हैं।

राजमार्ग में दुपहिया-कार सहित भारी वाहनों को ध्यान में रखकर सड़क बनाई जा रही है, जिसमें दो-दो सर्विस लेन और चार लेन मुख्य सड़क रहेगी। अभी तक आधा काम हुआ है। सर्विस लेन का काम अभी धीमा चल रहा है।
एनएचएआई के अधिकारियों ने जून तक 85-90 फीसद जून तक काम पूरा करने की समयावधि रखी है। शेष दस फीसद कार्य और पौधारोपण काम के लिए दिसंबर तक का समय है।
राजमार्ग पर रोजाना बीस से पच्चीस हजार वाहन निकलेंगे। इसके लिए इंदौर-हरदा राजमार्ग के निर्माण कार्यों की समीक्षा हर महीने होगी। अधिकारियों को निरीक्षण कर रिपोर्ट एनएचएआई के क्षेत्रीय कार्यालय को भेजनी होगी।
एनएचएआई के पास पर्याप्त जमीन नहीं है। इस वजह से हरियाली बढ़ाने के साथ ही जलस्रोतों को पुनर्जीवित किया जा रहा है। ग्रामीण क्षेत्रों के तालाबों को विकसित करने का काम एनएचएआई कर रही है। करीब पांच तालाबों के जीर्णोद्धार का काम शुरू कर दिया है, जो जुलाई-अगस्त तक खत्म करना होगा।

हर महीने होगी प्रोजेक्ट की समीक्षा
जल संरक्षण पर दिया ध्यान राजमार्ग से लगे गांवों का विस्तार होना है। इसके लिए राजमार्ग के लिए अतिरिक्त जमीन अधिग्रहित नहीं की गई है। इस वजह से पौधारोपण के साथ ही जल संरक्षण पर ध्यान दिया जा रहा है। प्रोजेक्ट की समीक्षा हर महीने होगी। - सुमेश बांझल, प्रोजेक्ट डायरेक्टर, एनएचएआई