
नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर : भारत दुनिया का एकमात्र ऐसा देश है जहां हजारों वर्ष पुरानी सभ्यता, संस्कृति और संस्कार है। साथ ही यह आज दुनिया के सबसे तेज आर्थिक विकासशील देशों में से एक है। यही कारण है कि दुनिया के अन्य ताकतवर देश भारत के विकास, सभ्यता और संस्कृति को हमेशा चुनौती देते हैं और इसे खत्म करने की कोशिश में लगे रहते हैं।
दुर्भाग्य से ऐसे तत्व हमारे देश के भीतर भी मौजूद हैं, जिन्हें प्रधानमंत्री ने दिमागी नक्सल कहा है। यह बातें विचार भाजपा के राष्ट्रीय मीडिया सहसंयोजक और वक्ता प्रदीप भंडारी ने कही। वे राजेंद्र नगर गणेशोत्सव में सिद्धि विनायक गणपति मंदिर, तरुण मंच और महाराष्ट्र समाज राजेंद्र नगर द्वारा दिमागी नक्सल और जेन जी विषय पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।
प्रदीप भंडारी ने कहा कि इंटरनेट मीडिया पर चल रहे कंटेंट और भ्रामक प्रचार से बचने की जरूरत है। वहां वही दिखाया जा रहा है जिससे देश में भ्रम पैदा हो, नैरेटिव बनाकर किसी एक घटना को इतना बढ़ा चढ़ा कर दिखाया जाता है, मानो देश में अराजकता का ही राज हो।
उन्होंने कहा कि नक्सलवाद का खात्मा सरकार ने किया। नक्सलवादी अपने ही देश में अपनी ही पुलिस और आर्मी पर गोलियां चलाते थे, बम विस्फोट करते थे। ऐसे सभी नक्सलवादियों का आज खात्मा हो चुका है, लेकिन देश में कुछ लोग अब भी ऐसे हैं जिनके दिमाग में नक्सलवाद कूट-कूट कर भरा है जो अपने ही देश के खिलाफ जहर उगलते हैं और देश को तोड़ने की साजिश रचते हैं।
प्रदीप भंडारी ने कहा कि युवा पीढ़ी को जेन जी कह कर देश की धर्म संस्कृति से दूर करने के प्रयत्न किए जा रहे हैं। इसमें इंटरनेट मीडिया के साथ ओटीटी पर आने वाले कंटेंट्स, सीरियल्स, फिल्में भी बहुत बड़ी भूमिका निभा रही है, लेकिन ये षड्यंत्र हमारे देश में कभी सफल नहीं हो सकते, क्योंकि हमारे धर्म संस्कृति की बुनियाद बहुत मजबूत है। आज भी समाज में ऐसा बहुत बड़ा वर्ग है जो हमारी संस्कृति की रक्षा करने के लिए तत्पर है।
कार्यक्रम की अध्यक्षता देवी अहिल्या विश्वविद्यालय के मास कम्युनिकेशन विभाग की विभागाध्यक्ष डा. सोनाली नरगुंदे ने की। कार्यक्रम की शुरुआत महाराष्ट्र समाज की महिला कार्यकर्ताओं द्वारा वंदे मातरम् गान के साथ हुई। कार्यक्रम में अण्णा महाराज मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता सचिन बघेल ने विषय की प्रस्तावना रखी। इस दौरान अंजली भागवत, मिलिंद बुगदे, समीर पानसे, किरण शर्मा, नवनीत हार्डिया, माधव पिंगले, यश धामोरे, प्रशांत बडवे और सुनील धर्माधिकारी सहित अन्य लोग मौजूद रहे।