यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 03, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
यूनियन कार्बाइड: 10 साल पहले 6 दिन में नष्ट किया गया था 10 टन कचरा, जांच रिपोर्ट में यह आया सामने
अब भस्मक में तीन अलग-अलग मात्राओं में कचरा डालकर नष्ट करने के दौरान यह देखा जाएगा कि तीनों प्रक्रिया में मानक स्तर के मुकाबले कितनी मात्रा में गैस व र...और पढ़ें
Publish Date: Fri, 03 Jan 2025 09:24:08 PM (IST)Updated Date: Fri, 03 Jan 2025 09:37:24 PM (IST)
यूनियन कार्बाइड के कचरे को पीथमपुर में लाया जा चुका है।HighLights
- रिपोर्ट में तय मापदंड से कम मिली थी गैस व रासायनिक तत्वों की मात्रा।
- टीमों ने संयत्र परिसर में गैस, धूल कण व रसायन तत्वों की जांच की थी।
- जांच के बाद ही यह रिपोर्ट तैयार हुई जो जबलपुर हाईकोर्ट में पेश हुई।
नईदुनिया प्रतिनिधि,इंदौर। पीथमपुर में जिस भस्मक संयत्र में यूनियन कार्बाइड का 337 टन कचरा जलाने की तैयारी की जा रही है। उसी भस्मक में 10 साल पहले ट्रायल के तौर पर भोपाल से 10 टन कचरे को लाकर नष्ट किया जा चुका है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड द्वारा की गई जांच में यह स्पष्ट हुआ था कि इस कचरे को नष्ट करने की प्रक्रिया में हानिकारक गैस तो निकलती है लेकिन उनकी मात्रा निर्धारित मापदंड से कम है।
उस समय ट्रायल रन के दौरान कचरे को जलाकर 22 तय मापदंडों की जांच कर पर्यावरण स्थितियों का आंकलन किया गया था। वर्ष 2015 में 13 से 18 अगस्त के बीच छह दिन में 10 टन कचरे को नष्ट करने की प्रक्रिया को अंजाम दिया गया था।
इस दौरान सीपीसीबी व मप्र प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की टीमों ने संयत्र परिसर में कचरा नष्ट करने के बाद मौजूद गैस, धूल कण व रसायन तत्वों की जांच की थी और उस जांच के बाद ही यह रिपोर्ट तैयार हुई। इस रिपोर्ट को जबलपुर हाईकोर्ट में भी प्रस्तुत किया गया है।
![naidunia_image]()
मापदंड से कम मिले थे रसायन, मात्रा बढ़ाने के लिए होगा तीन-तीन दिन का ट्रायल रन
वर्ष 2015 में कचरे को नष्ट करने की प्रक्रिया के दौरान 90 किलो कचरा प्रतिघंटे भस्मक में डाला गया था। उस समय की जांच रिपोर्ट में धूल के कण व अन्य गैस व रासायनिक तत्व तय मात्रा से कम मिले थे।
यूका के नष्ट किए गए 10 टन कचरे की है जांच रिपोर्ट
- तत्व व रासयन मानक स्तर पाया गया।
- धूल कण 50 2.7 न्यूनम व अधिकतम 4
- हाइड्रो क्लोराइड 50 1 से कम
- सल्फर डाइ आक्साइड 200 1 से कम
- कार्बन मोनो आक्साइड 100 35
- कुल आर्गेनिक कार्बन 20 8.9 अधिकतम
- हाइड्रोजन फ्लोराइड 4 1 से कम
- नाइट्रोजन आक्साइड 400 66 अधिकतम
- डाइ आक्सीन व फ्यूरान 0.1 0.03
- हेवी मेटल केडमियम, टनि व अन्य 0.05 0.007 अधिकतम
- मर्करी 0.05 0.02
- अन्य भारी धाुत आर्सेनिक, लेड कोबाल्ट 0.5 0.49
- क्रोमियम, कापर मैगजीन व निकल
नोट: आंकड़े मिलीग्राम प्रति क्यूबिक मीटर
![naidunia_image]()
24 घंटे में तीन बार सैम्पल लेगी प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की टीम
- पीथमपुर में रि सस्टेनेब्लिटी कंपनी के भस्मक संयत्र में यूनियन कार्बाइड के कचरे की तीन अलग-अलग मात्रा में डालकर ट्रायल रन किया जाना तय है।
- ऐसे में प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की टीम अपने वायु गुणवत्ता मापी यंत्रों के माध्य में 24 घंटे में तीन बार सैम्पल लेगी।
- जांच के दौरान विज्ञानी पीएम 10, पीएम 2.5,अमोनिया, नाइट्रोजन आक्साइड, सल्फर डाइ आक्साइड, ओजोन, बेंजो अल्फा पायरिन की जांच करेंगे।