जबलपुर, नईदुनिया प्रतिनिधि। जिनके घर नया मेहमान आया या जिनके अपने साथ छोड़कर चले गए? उनके स्वजनों को नगर निगम द्वारा जब घर बैठे जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र बना कर निश्शुल्क पहुंचाए गए तो वे भी एक पल के लिए हैरान हो गए। उन्हें यकीन नहीं हो रहा था कि नगर निगम ऐसी सुविधा दे सकता है। लेकिन महापौर जगत बहादुर सिंह अन्नू की पहल और प्रयास से ये संभव हो पाया है।
मंगलवार को करीब चार घरों में जिन लोगों के घर नन्हीं खुशियां जन्म ली है उनके घर पर जन्म प्रमाण पत्र बनाकर निश्शुल्क उपलब्ध कराए गए। इसी तरह सात घरों में जिनके अपने इस दुनिया से कूच कर गए उनके स्वजनों को भी मृत्यु प्रमाण पत्र बनाकर नगर निगम द्वारा घर-घर पहुंचाए गए। संबंधितों को न तो इसके लिए आवेदन करना पड़ा और न ही नगर निगम के चक्कर लगाए। महापौर ने किया नवाचार, पहली बार शुरू की सुविधा - विदित हो कि महापौर और उनकी एमआइसी ने नागरिकों को घर बैठे जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र बनवा कर दिए जाने का निर्णय लिया था जबकि महापौर ने नए वर्ष से ये नवाचार शुरू करने की घोषणा की थी।
नगर निगम के इतिहास मेंसंभवत: पहली बार लोगों को घर-घर जन्म-मृत्यु प्रमाण-पत्र पहुंचाना शुरू कर दिया गया है। महापौर के इस नवाचार को अमली जामा पहनाने निगमायुक्त आशीष वशिष्ठ ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया और परिणाम स्वरूप सभी 16 संभागों में जन्म-मृत्यु प्रमाण-पत्र संबंधितजनों के घर तक भिजवाए गए।
इस तरह बना कर दिए जा रहे जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र- जिन अस्पतालों में नन्हीं खुशियां जन्म ली है उन अस्पतालों से जन्म संबंधी दस्तावेज नगर निगम बुलवार का पोर्टल में जन्म प्रमाण पत्र जनरेट कर संभागीय अधिकारी, सुपरवाइजर व अन्य कर्मचारियों के माध्यम से बंटवाए जा रहे हैं। जिनकी मृत्यु अस्पताल में हुई या मुक्तिधाम में अंतिम क्रिया हुई वहां से दस्तावेज प्राप्त कर नगर निगम के कर्मचारी उनके घर पहुंचकर मृतक का आधार कार्ड या अन्य दस्तावेज लेकर पूरी जानकारी जुटा रहे और इसके बाद मृत्यु प्रमाण पत्र जारी कर घर पहुंचाए जा रहे हैं।
अभी तक आवेदन करना होता था- इसके पहले जन्म प्रमाण पत्र या मृत्यु प्रमाण पत्र के लिए नागरिकों को नगर निगम मुख्यालय या संबंधित संभागीय कार्यलय में आवेदन करना होता था।
- अस्पताल या मुक्तिधाम से दस्तावेज आने के बाद आवेदकों को जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र उपलब्ध कराए जाते थे। इसके एवज में शुल्क भी देना होता था।
इन्हें घर बैठे मिले जन्म प्रमाण पत्रनगर निगम ने नवाचार के तहत आठ घरों में जन्म प्रमाण पत्र पहुंचाए सलिल- सोनम गुप्ता संगम कालोनी, विष्णुप्रसाद- नेहा यादव मानेगांव, अशोक -सुकर्ती सिंह खमरिया, राहुल -सोनम मलिक गलगला इन्हें मिले मृत्यु प्रमाण पत्र-मृतक शांति बाई, पति- मेवालाल गुर्जर भोले कुटी के पीछे, मृतक सदन सिंह, पिता- केशर सिंह खटीक मोहल्ला, मृतक सतिया बाई, पति स्व. चिरंजीलाल कोष्टा त्रिमूर्ति नगर, मृतक अनिल पिता मेवालाल सोनकर मरही माता मंदिर के पास, मृतक प्रमोद कुमार पिता शंकर लाल सराठे, नरसिंह नगर रांझी, मृतक विजय कुमार पिता पुसऊ लाल छुई खदान, मृतक आयशा बी, पति रमजान बड़ा मदार छल्ला
जो कहा वो किया, आगे भी करता रहूंगा- महापौरइस पहल पर महापौर जगत बहादुर सिंह अन्नू ने कहा कि जो कहा वो किया और जो कहूंगा वो आगे भी संस्कारधानी के नागरिकों के लिए समर्पित भाव से करता रहूंगा। संकल्प पत्र के अनुसार एक-एक बिन्दुओं पर अमल किया जा रहा है, आगे भी मैं जो कह रहा हूं उसपर दृढ़तापूर्वक कायम रहते हुए सभी घोषणाओं का निर्धारित समय अनुसार पूर्ण कराऊंगा।