
नईदुनिया प्रतिनिधि, जबलपुर। मुख्य रेलवे स्टेशन पर एक लावारिस बैग में लाइसेंसी एकनाली बंदूक और कारतूस मिलने से कुछ देर के लिए सनसनी फैल गई।
सूचना मिलते ही रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) ने मौके पर पहुंचकर बैग को अपने कब्जे में लिया और जांच शुरू की। छानबीन के बाद बैग मुरैना निवासी एक निजी कंपनी के सुरक्षा गार्ड का निकला।
आवश्यक दस्तावेजों और शस्त्र लाइसेंस का सत्यापन करने के बाद आरपीएफ ने बैग सहित पूरा सामान उसके वास्तविक मालिक को सुरक्षित सौंप दिया।
मुख्य स्टेशन के प्लेटफार्म क्रमांक छह पर सुबह लगभग 11.10 बजे सफाई कर्मी बन्नो वंशकार ने एक लावारिस पड़ा देखा। इसकी सूचना मिलने पर आरपीएफ उप निरीक्षक प्रवीण कुमार तुरंत मौके पर पहुंचे।
बैग प्लेटफार्म क्रमांक-छह के मुख्य द्वार के पास पड़ा था। आसपास पूछने पर किसी ने बैग अपना होना नहीं बताया। बैग की तलाशी लेने पर उसमें 12 बोर की लाइसेंसी एकनाली बंदूक, दो जीवित कारतूस, गन साफ करने का सामान, मोबाइल, हाथ घड़ी, कपड़े और अन्य सामग्री मिली, जिसे जब्त कर लिया गया।
आरपीएफ जबलपुर पोस्ट प्रभारी राजीव खरब ने बताया कि बैग में मिले आधार कार्ड और डायरी में दर्ज मोबाइल नंबर के आधार पर उसके स्वामी से संपर्क किया गया। पूछताछ में उसकी पहचान मुरैना जिले के मड़ोखर कोंथर कला निवासी भगत सिंह तोमर (42) के रूप में हुई।
भगत सिंह तोमर ने बताया कि वह जबलपुर जिले के बिलपठार स्थित एक निजी कंपनी में सुरक्षा गार्ड हैं। वह ट्रेन से ग्वालियर जाते समय नशे की हालत में वह बैग प्लेटफार्म पर ही भूल गए थे।
आरपीएफ ने शस्त्र लाइसेंस और अन्य दस्तावेजों का सत्यापन करने के बाद बैग, लाइसेंसी बंदूक और अन्य सामान उन्हें विधिवत सुपुर्द कर दिया है।