जबलपुर हाई कोर्ट ने अधिकारियों को नियमानुसार कार्रवाई करनी चाहिए, मनमानी नहीं
हाई कोर्ट ने एक याचिका पर टिप्पणी की है कि अधिकारियों को कार्रवाई करनी चाहिए, मनमानी नहीं।
By Brajesh Shukla
Edited By: Brajesh Shukla
Publish Date: Fri, 31 Dec 2021 01:30:00 PM (IST)
Updated Date: Fri, 31 Dec 2021 01:30:35 PM (IST)

जबलपुर, नईदुनिया प्रतिनिधि। अधिकारियों को नियम अनुसार ही कार्रवाई करनी चाहिए, मनमानी नहीं। हाई कोर्ट ने पूछा है कि किस हैसियत से ग्राम प्रधान को नोटिस देकर पद से हटाने का आदेश जारी किया गया।
हाई कोर्ट ने छतरपुर कलेक्टर व जिला कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत छतरपुर से सवाल किया है कि उन्होंने किस हैसियत से ग्राम प्रधान को नोटिस देकर पद से हटाने का आदेश जारी किया। न्यायमूर्ति विवेक अग्रवाल ने कलेक्टर के आदेश पर रोक लगा दी। इसके साथ ही कोर्ट ने पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग, कलेक्टर छतरपुर, जिला पंचायत के सीईओ, जनपद पंचायत सीईओ व एसडीओ राजस्व को नोटिस जारी कर जवाब-तलब कर लिया गया है।
गिरधारी अहिरवार ने याचिका दायर कर अवगत कराया कि वह ग्राम पंचायत कैड़ी का चयनित ग्राम प्रधान है। सीईओ जिला पंचायत ने ग्राम प्रधान को 22 नवंबर, 2021 को कारण बताओ नोटिस जारी कर तीन दिन के भीतर उनके समक्ष हाजिर होने के निर्देश दिए थे। इसके बाद कलेक्टर ने बिना अधिकारिता के ग्राम प्रधान को हटाने का आदेश जारी कर दिया। मामले पर सुनवाई के दौरान पैनल लायर ने इस बात को स्वीकार किया कि ग्राम प्रधान पर कोई भी कार्रवाई करने का अधिकार कलेक्टर को नहीं, सीईओ जिला पंचायत का है।याचिकाकर्ता की ओर से कलेक्टर के आदेश को चुनौती दी गई। याचिकाकर्ता की ओर से यह दलील भी दी गई कि बिना अधिकार कलेक्टर द्वारा उन्हें पद से हटाना पूरी तरह अवैधानिक और अनुचित है। यह भी कहा गया कि कार्रवाई करने से पहले उन्हें सुनवाई का मौका भी नहीं दिया गया। मामले पर सुनवाई के बाद हाई कोर्ट ने कलेक्टर के आदेश पर रोक लगाते हुए अनावेदकों से जवाब-तलब कर लिया है।