
नईदुनिया प्रतिनिधि, जबलपुर। जबलपुर की खेलधानी पहचान को अब फुटबाॅल के मैदान पर नई उड़ान मिलने की तैयारी है। रानीताल खेल परिसर में शहर का पहला अत्याधुनिक फुटबाॅल स्टेडियम बनाने की योजना तैयार है, जिसे खेल विभाग अंतिम रूप दे रहा है।
करीब आठ एकड़ में विकसित होने वाले इस प्रस्तावित परिसर के पहले चरण पर नौ करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है। परियोजना की डीपीआर तैयार हो चुकी है और इसे जल्द शासन की मंजूरी के लिए भेजा जाएगा। इस स्टेडियम की खासियत अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप मैदान के साथ खिलाड़ियों के लिए आवासीय सुविधा होगी।
परिसर में हाॅस्टल, पवेलियन, आधुनिक चेंजिंग रूम और जिम बनाए जाने की योजना है। मैदान के समतलीकरण, मानकों के अनुरूप घास, आधुनिक ड्रेनेज सिस्टम और डे-नाइट मैचों के लिए हाईमास्ट फ्लडलाइट की व्यवस्था भी प्रस्तावित है।
पवेलियन और खिलाड़ियों की सुविधाओं वाली इमारतों पर करीब पांच करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है। यहां राष्ट्रीय प्रशिक्षण शिविरों, फेडरेशन के मुकाबलों और लीग मैचों के आयोजन का रास्ता खुलेगा।
फेडरेशन कप, खेलो इंडिया और संतोष ट्राॅफी जैसे बड़े टूर्नामेंट की मेजबानी से स्थानीय प्रतिभाओं को राष्ट्रीय मंच मिल सकता है। खिलाड़ियों के ठहरने की समस्या दूर होने पर जबलपुर मध्य प्रदेश के प्रमुख फुटबाॅल केंद्र के रूप में अपनी दावेदारी मजबूत कर सकेगा।
प्रस्तावित योजना के अनुसार यह सिर्फ एक मैदान नहीं, बल्कि फुटबाॅल खिलाड़ियों के लिए एक सम्पूर्ण इको-सिस्टम होगा।
105 मीटर गुणा 68 मीटर : 105 मीटर गुणा 68 मीटर के फीफा मानक के अनुसार प्राकृतिक घास का मैदान तैयार होगा, जिसमें अत्याधुनिक ड्रेनेज सिस्टम होगा ताकि बारिश में भी खेल बाधित न हो।
04 हाई मास्ट : दिन-रात मैचों के आयोजन के लिए 600 क्षमता की चार हाई मास्ट एलईडी फ्लडलाइट लगाई जाएंगी। इससे नेशनल लेवल के रात्रिकालीन मैच भी यहां हो सकेंगे।
5000 दर्शकों की क्षमता : पहले चरण में 5000 दर्शकों की क्षमता वाला पवेलियन और गैलरी बनाई जाएगी, जिसे बाद में 10 हजार तक बढ़ाया जा सकेगा।
40 बेड का आधुनिक हास्टल : दूर-दराज से आने वाले प्रतिभाशाली खिलाड़ियों के लिए 40 बेड का आधुनिक हास्टल, जिम, फिजियोथेरेपी सेंटर और चेंजिंग रूम की सुविधा होगी।
03 अन्य बाक्स होंगे : वीआईपी बाक्स, मीडिया गैलरी, कमेंट्री बाॅक्स और पार्किंग की भी व्यवस्था रहेगी।
आंकड़ों पर नजर डालें तो नगर में फुटबाल का भविष्य बेहद उज्ज्वल है। पिछले 3 सालों में जिला फुटबाॅल संघ में पंजीकृत खिलाड़ियों की संख्या 800 से बढ़कर 1500 से अधिक हो गई है। शहर के 25 से ज्यादा स्कूलों और 12 क्लबों में नियमित फुटबाॅल कोचिंग दी जा रही है।
पिछले साल आयोजित संभागीय फुटबाॅल लीग में 42 टीमों ने हिस्सा लिया था, जो अब तक की सबसे बड़ी संख्या थी। मध्य प्रदेश की सीनियर और जूनियर टीम में जबलपुर के 7 खिलाड़ी शामिल हैं।
खेल अधिकारी आशीष पांडे के अनुसार रानीताल में पहले से मौजूद हाकी और क्रिकेट के बुनियादी ढांचे के बाद फुटबाल स्टेडियम बनने से यह बड़ा स्पोर्ट्स परिसर बन जाएगा।
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