झाबुआ में घर के अंदर चल रही थी गोकशी, 5 आरोपियों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मामला दर्ज
जिले के मोहनपुरा गांव में गोकशी का एक गंभीर मामला सामने आया है। राष्ट्रीय आदिवासी क्रांति सेना, जयस, बजरंग दल और विश्व हिंदू परिषद (विहिप) के पदाधिकार...और पढ़ें
Publish Date: Thu, 01 Oct 2026 06:01:10 PM (IST)Updated Date: Thu, 01 Oct 2026 06:01:10 PM (IST)
गोकशी मामले में कार्रवाई करती पुलिस। -नईदुनियाHighLights
- राष्ट्रीय आदिवासी क्रांति सेना और अन्य संगठन की सूचना पर की कार्रवाई
- हिंदू संगठनों के प्रयासों और सतर्कता के चलते हुआ अवैध कृत्य का खुलासा
- पुलिस ने 5 नामजद आरोपियों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है
नईदुनिया प्रतिनिधि, झाबुआ : जिले के मोहनपुरा गांव में गोकशी का एक गंभीर मामला सामने आया है। राष्ट्रीय आदिवासी क्रांति सेना, जयस, बजरंग दल और विश्व हिंदू परिषद (विहिप) के पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं के संयुक्त प्रयासों और सतर्कता के चलते इस अवैध कृत्य का खुलासा हुआ है। शिकायतकर्ता की सूचना पर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए 5 नामजद आरोपियों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है।
यह है पूरा घटनाक्रम
झाबुआ थाने में दर्ज प्रथम सूचना रिपोर्ट (FIR) के मुताबिक, फरियादी धनसिंह पिता गुलसिंह डामोर निवासी गोलाछोटी ने पुलिस को दी गई मौखिक शिकायत में बताया कि उन्हें सूचना मिली थी कि मोहनपुरा निवासी कद्दु पिता रामा परमार अपने घर के अंदर बाहर से लोगों को बुलवाकर गोवंश कटवाता है। इस सूचना पर धनसिंह ने अपने साथियों राकेश पिता वीरसिंह भूरिया, राजू पिता भीमचंद भूरिया, गब्बरसिंह पिता शेरसिंह वास्केल और विजय पिता इंदरसिंह डामोर के साथ मिलकर मोहनपुरा स्थित आरोपी कद्दु परमार के घर पर दबिश दी।
घर के अंदर चल रही थी गोकशी
मौके पर पहुंचने पर पाया गया कि आरोपी कद्दु परमार के घर के अंदर एक गाय को काटकर उसकी खाल उधेड़ी जा रही थी और मांस के टुकड़े किए जा रहे थे। मौके पर कालु उर्फ फरीद पिता हुसैन (निवासी झाबुआ), रिजवान पिता फारुक मुसलमान (निवासी झाबुआ), टिलु उर्फ एहसान पिता हुसैन मुसलमान (निवासी झाबुआ), फिरोज पिता हुसैन मुसलमान (निवासी झाबुआ) और कद्दु पिता रामा परमार (निवासी मोहनपुरा) कुल 5 आरोपी मौजूद थे। जैसे ही शिकायतकर्ता और उनके साथी मौके पर पहुंचे, सभी आरोपी गौकशी में प्रयुक्त हथियार और मांस छोड़कर मौके से फरार हो गए। यहां से 3 गायें जिंदा हालत में मिली हैं, जबकि पास ही खेत में कई जगह जमीन खुदी हुई पड़ी है। ग्रामीणों के अनुसार यहां पर कई दिनों से गायों को काटने की सूचना मिल रही थी, जिसके चलते बुधवार की पूरी रात रेकी कर गुरुवार को इस अवैध कार्य का पर्दाफाश किया गया।
पुलिस ने त्वरित की जब्ती और कार्रवाई
सूचना मिलते ही थाना प्रभारी भास्करे और उपनिरीक्षक गुलाब सिंह वर्मा पुलिस बल के साथ तुरंत मौके पर पहुंचे। पुलिस ने घटनास्थल से गौवंश का मांस और काटने के हथियार जब्त किए। इसके बाद पशु चिकित्सा अधिकारी को मौके पर बुलाया गया, जिन्होंने मृत गाय के मांस का पोस्टमॉर्टम किया। मौके पर आरोपियों द्वारा छोड़े गए वाहनों में एक होंडा शाइन मोटरसाइकिल (बिना नंबर), एक स्लेटी रंग की एक्टिवा स्कूटी (बिना नंबर), एक ऑटो रिक्शा (क्रमांक MP45ZF0568) और एक तौल कांटा पुलिस ने जब्त किया है।
इन धाराओं में दर्ज हुआ मामला
झाबुआ पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपियों के खिलाफ म.प्र. गौ-वंश वध प्रतिषेध अधिनियम 2004 की धारा 4, 5, 9 तथा आयुध अधिनियम, 1959 (संशोधन 2019) की धारा 25 (1-B) के तहत FIR दर्ज की है। पुलिस ने मामला दर्ज कर आगे की जांच और फरार आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है। इस सफल कार्रवाई में विभिन्न संगठनों के कार्यकर्ताओं की मुस्तैदी की सराहना की जा रही है।