
नईदुनिया प्रतिनिधि, खंडवा। बदहाल खंडवा-मूंदी मार्ग के गहरे गड्ढे हादसों का कारण बनते जा रहे हैं। तीन दिनों में तीन हादसे इस सड़क पर हो चुके है। दुर्घटना में मौत और कई लोग घायल हो चुके हैं। बदहाल हो चुके इस स्टेट हाईवे पर मध्य प्रदेश सडक विकास निगम (एमपीआरडीसी) पैचवर्क के नाम पर करोड़ों रूपये खर्च कर चुका है। हाल ही में 70 लाख रूपये खर्च कर किया गया पेंचवर्क कार्य 70 दिन में ही दम तोड़ गया। इसी तरह एमपीआरडीसी के खंडवा-देड़तलाई मार्ग पर भी गड्ढ़ों और ब्लैक स्पाट की वजह से आवाजाही में परेशानी के साथ ही दुर्घटनाएं हो रही है।
खंडवा-मूंदी मार्ग पर शुक्रवार रात को केहलारी और तलवड़िया के बीच एक कार गड्ढे में कूदने से अनियंत्रित होकर सड़क किनारे खेत में जाकर पलट गई। खास बात यह है कि कार पुलिया के पास स्थित गड्ढों से अनियंत्रित हुई और सड़क की बदहाली ऐसी कि इस पुलिया के एक ओर कांक्रीट की रैलिंग नहीं बनी हुई थी।इसी कारण कार सीधे खेत मे जाकर पलटी।
मूंदी के संदीप राठौर ने बताया कि गुरुवार जावर-सिहाड़ा के बीच सड़क पर युवक का शव मिला और उसकी बाइक सड़क किनारे स्थित खेत में पड़ी मिली।मौके पर मौजूद लोगों ने इसे भी सड़क हादसा बताया है।इधर, बुधवार रात को जावर और सिहाड़ा के बीच गड्ढे बचाने के चक्कर में एक लोडिंग वाहन और ट्रक की आमने-सामने भिड़ंत हो गई।लगातार सड़क पर हादसों की संख्या में वृद्धि हो रही है।इसके बाद भी जिम्मेदार सिर्फ मूकदर्शक बने बैठे हुए हैं।ग्रामीणों ने भी अब शासन-प्रशासन से इस सड़क के निर्माण को लेकर गुहार लगाना बंद कर दिया है।क्योंकि पिछले सात वर्षाें से सड़क की बदहाली झेलते हुए लोगों को आदत सी हो गई है।
ग्रामीणों ने बताया कि कुछ समय पहले ही एमपीआरडीसी विभाग द्वारा एक बार फिर 70 लाख रूपये खर्च कर इस 32 किलोमीटर की सडक पर पेंचवर्क का कार्य करवाया।लेकिन यह कार्य 70 दिन भी नहीं टिक सका और गड्ढों की हालत पहले ही तरह हो गई।जानकारी के अनुसार एमपीआरडीसी ने इस सड़क की मरम्मत पर वर्ष 2019 से लेकर 2025 तक कुल 1022.68 लाख रुपये खर्च किए हैं।इसके बाद भी राहगीरों के लिए यह समस्या जस की तस बनी हुई है।सड़क की बदहाली की भेंट कई लोगों की जान चढ़ चुकी है तो कई गंभीर रूप से घायल होकर बिस्तर पर पड़े हुए हैं।
खंडवा-मूंदी मार्ग की बदहाली से खंडवा के व्यापार पर विपरीत प्रभाव पड़ा है और यहां के लोगों ने सनावद और असापास के गांव के लोगों ने मूंदी बाजार को ही केंद्र बना लिया है।यहां तक कि किसानों को कई बार अपनी उपज लेकर खंडवा तक आना किसी चुनौती से कम नहीं लगता है।इसके चलते किसान उपज को स्थानीय व्यापारियों को ओने-पोने दाम में विक्रय कर रहे हैं।
जिले में मूंदी रोड़ के अलावा एमपीआरडीसी के पास खंडवा से देड़तलाई मार्ग भी है। इसकी हालत भी खस्ताहाल हो चुकी है। जबकि एमपीआरडीसी द्वारा इस मार्ग पर वाहन चालकों से टोल वसूला जा रहा है। इसके बाद भी टोल कंपनी द्वारा रखरखाव में कौताही बरती जा रही है।
शुक्रवार-शनिवार की दरमियानी रात इस मार्ग पर एक कार दुर्घटनाग्रस्त हो गई। कार क्रमांक एमएच 04 जेके 0398 में चालक सहित चार लोग सवार थे। बेकाबू कार पलटने से एक युवक की मौत तथा दो युवतियां और चालक घायल हो गए। दुर्घटना ब्लैक स्पाट पर कार बेकाबू होना बताया जा रहा है। कार में सवार 24 वर्षीय गौतम सेवानी की मौके पर ही मौत हो गई।वहीं कार में बैठी तनु पुत्री चांद मियां 26 वर्ष और नायरा पुत्री रायल अली 24 वर्ष दो युवतियां घायल है, चालक 23 वर्षीय दर्शन पुत्र यागेश को कोई गंभीर चोंट नहीं आई।
कार सवार चारों दोस्तों में तीन महाराष्ट्र के अमरावती और नायरा दिल्ली की रहने वाली है।वह उज्जैन महाकाल ज्योर्तिलिंग के दर्शन करने जा रहे थे।घटना खंडवा-अमरावती स्टेट हाईवे पर ग्राम गुड़ी में अनाज मंडी के पास हुई। मंडी के पास एक ब्लाइंड टर्न है, यहीं ब्लैकस्पाट बना हुआ है।इसी स्थान पर पिछले हफ्ते एक डीजे गाड़ी पलटने से दो युवकों की मौत हो गई थी।पुलिस के अनुसार, कार एक्सीडेंट की वजह ब्लैक स्पाट के साथ-साथ तेज रफ्तार और कार चालक दर्शन को झपकी आना है।चालक दर्शन ने पूछताछ में बताया कि उसे नींद का झोंका आ गया था।इसी बीच कार अनियंत्रित हो गई, वह कंट्रोल करने लगा, तभी सामने जानवर दिखा, उसे बचाने में कार के ब्रेक लगा दिए, जिससे कि कार पलट गई।