सेवानिवृत जेल ड्राइवर को उप जेल अधीक्षक ने कार में बैठाकर घर छोड़ा
39 साल से खंडवा जेल में ड्राइवर के पद पर थे पदस्थ, जेल अधीक्षक अदिति श्रीवास्तव ने की अनोखी शुरुआत।
By gajendra.nagar
Edited By: gajendra.nagar
Publish Date: Tue, 01 Mar 2022 12:29:13 AM (IST)
Updated Date: Tue, 01 Mar 2022 12:29:13 AM (IST)

खंडवा (नईदुनिया प्रतिनिधि)। जिला जेल में ड्राइवर के पद से सेवानिवृत हुए प्रधान आरक्षक रफीक खान को अनोखी परंपरा निभाते हुए विदाई दी गई। उनके लिए उप जेल अधीक्षक ललित दीक्षित ड्राइवर बन गए और उन्होंने खान को कार में बैठाकर घर छोड़ा। जेल में करीब 39 साल से वे अपनी सेवाएं दे रहे थे। जेल में सोमवार को एक अनोखा विदाई समारोह देखने को मिला। यहां जेल में करीब 39 साल से ड्राइवर के पद पर पदस्थ रहे प्रधान आरक्षक रफीक खान सोमवार को सेवानिवृत हुए। जेल या किसी विभाग में अक्सर किसी अधिकारी का कर्मचारी के सेवानिवृत्त होने पर विदाई समारोह आयोजित कर इतिश्री कर ली जाती है लेकिन सोमवार को जेल में दिए गए विदाई समारोह से प्रधान आरक्षक के पद से सेवानिवृत्त हुए खान और उनके परिवार के सदस्यों की भी आंखे भर आईं। यहां जिला जेल अधीक्षक अदिति श्रीवास्तव ने एक नई शुरुआत की। शाम करीब पांच बजे जेल परिसर में खान के लिए विदाई समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में उप जेल अधीक्षक ललित दीक्षित, जेल के प्रहरी, कैदी और सेवानिवृत हुए खान के स्वजन भी मौजूद थे। यहां जेल अधीक्षक अदिति श्रीवास्तव ने खान का सम्मान किया। इस अवसर पर उप जेल अधीक्षक ललित दीक्षित ने कहा कि रफीक खान ने सेवाभाव से नौकरी की। कैदियों को अस्पताल ले जाने से लेकर अधिकारियों को लाना ले जाना तक वे करते थे। उन्होंने अपनी पूरी तन्मयता से ड्यूटी की। 39 साल में कभी भी ऐसा नहीं हुआ कि उनको लेकर किसी तरह की शिकायत आई हो। इसी तरह से जेल अधीक्षक श्रीवास्तव ने भी उनके कार्यों की सराहना की। कार्यक्रम के बाद जब खान अपने परिवार के साथ बाहर आए तो यहां का नजारा देख दंग रह गए। ड्राइवर की सीट पर उप जेल अधीक्षक दीक्षित बैठे हुए थे। उन्होंने खान से कहा कि अब तक तुमने हम सभी की सेवा की है। आज यह मौका हम लोगों को मिला। इसके बाद उन्होंने खान को कार में बैठाया और घर छोड़ा।