महेश्वर। तिल चतुर्थी के अवसर पर नगर के गणेश मंदिरों में श्रद्धालुओं भीड़ रही। श्रद्धालुओं ने भगवान गणेश को मोदक, तिल के लड्डू सहित बेर भी चढ़ाए। नगर के पश्चिम क्षेत्र में स्थित बड़ा गणपति मंदिर में श्रद्धालुओं के पहुंचने का सिलसिला सुबह से प्रारंभ हो गया जो देर शाम तक चलता रहा। इस दौरान श्रद्धालु वाहन, नाव व पैदल दर्शन के लिए मंदिर पहुंचे। इसी प्रकार पेशवा मार्ग स्थित चिंतामणि गणेश मंदिर में भी दिनभर श्रद्धालुओं की भीड़ बनी रही। महावीर मार्ग स्थित प्राचीन गोबर गणेश मंदिर में भी भगवान गणेश का पूजन अर्चन किया। मातंगेश्वर टेकरी पर स्थित सिद्ध गणेश, मुख्य घाट पर नृत्यरत गणेश, सहस्त्रधारा मार्ग स्थित गजानन गणेश मंदिर, जूना राम मंदिर स्थित मोठा गणेश, महात्मा गांधी मार्ग स्थित सिद्धि विनायक गणेश मंदिर आदि मंदिरों में भगवान चोला चढ़ाया गया।
'नर्मदा संरक्षण के मिलकर कदम उठाना होगा'
-20केएचआर-16-नावघाटखेड़ी आश्रम में पहुंचे समर्थ सद्गुरु दादाजी सरकार।
बड़वाह। मां नर्मदा संरक्षण के लिए निराहार सत्याग्रह कर रहे समर्थ सद्गुरु दादाजी सरकार का गुरुवार को समर्थ कुटी आश्रम नावघाटखेड़ी पहुंचे। जहां समाजसेवी राजेंद्रसिंह सोलंकी, दीपक ठाकुर, जीतू गुप्ता, रोहित पछइया ने उनका स्वागत कर आशीर्वाद लिया। सद्गुरु सरकार ने कहा कि गुप्त हो रही मां नर्मदा, विलुप्त हो रहे जीवन क्षेत्र को बचाएं। अब प्रतीक्षा नहीं प्रतिज्ञा करें। अब बिना देर किए हमें प्रकृति को केंद्र में रख विकास व्यवस्था की अवधारणा को साकार करना होगा। मां नर्मदा संरक्षण के लिए आमजन को आगे आना होगा। सबको मिलकर इसके लिए कदम उठाने होंगे। समर्थ सरकार ने 17 अक्टूबर 2020 निराहार महाव्रत प्रारंभ किया था। जिसे उन्होंने सत्याग्रह नाम दिया है। वे केवल नर्मदाजल पीकर नर्मदा के तटीय क्षेत्रों व वनों में रहकर उपवास कर रहे हैं।