खरगोन(नईदुनिया प्रतिनिधि)।
तीन तलाक को लेकर बने कानून के बाद भी पारिवारिक विवादों में तीन तलाक कहकर महिलाओं को घर से निकालने के मामले थमते नजर नहीं आ रहे हैं। शनिवार को मंडलेश्वर थाना क्षेत्र के ग्राम नांद्रा में ब्याही गई रेशमा ने अपने पति आशिक सहित ससुराल पक्ष के लोगों पर पर बेरहमी से पिटाई के बाद पति द्वारा एक ही बार में तीन तलाक कहकर घर से निकालने की शिकायत की है। महिला ने आरोप लगाया कि पति अवैध संबंधों के चलते उसे आए दिन मारपीट करता है। इस मामले में पति सहित सास, ससुर, जेठानी, ननद, मौसी पर भी प्रताड़ना के गंभीर आरोप लगाते हुए सभी पर कार्रवाई की मांग की।
एसपी कार्यालय पहुंचकर सौंपे शिकायती आवेदन में रेशमा ने बताया कि निकाह के छह साल होने के बाद भी पति के रवैये में कोई बदलाव नहीं आया। अब घर से निकाले जाने के बाद उसने मायके गोगावां में शरण ली है, उसकी परेशानी यहां भी खत्म नहीं हुई। पिता की पहले ही मौत हो चुकी है, मां नेत्रहीन है। मजबुरन उसे मजदूरी कर अपने बेटे और खुद का भरण-पोषण करना पड़ रहा है। शादी के बाद उसकी दो संताने हैं, इसमें एक बेटा पति ने रख लिया है। रेशमा का आरोप है कि आरोप है कि निकाह के बाद से ससुराल पक्ष के लोग आए दिन मारपीट करते थे, लोकलाज और परिवार में कोई सहारा नहीं होने से वह रिश्ता निभा रही थी।
झिरन्या में चोरी के आरोपित पुलिस पकड़ से बाहर, एसपी से शिकायत
25केएचआर-17- खरगोन एसपी कार्यालय पहुंच की शिकायत।
खरगोन(नईदुनिया प्रतिनिधि)।
जिले के चैनपुर थाना क्षेत्र की लक्ष्मी नगर कालोनी में एक पखवाड़े पहले सुने मकान में हुई पांच लाख रुपये से अधिक के आभूषणों व नकदी चोरी के मामले में अब तक कोई सुराग नहीं लगने से नाराज पीड़ित शुक्रवार को मुख्यालय पहुंचे। यहां आदिवासी एकता परिषद के बैनर तले एसपी के नाम शिकायती आवेदन सौंपकर मामले में कार्रवाई की मांग की। पीड़ित ने पुलिस की कार्रवाई पर भी सवाल खड़े किए।
इश्वर सिंह वास्कले ने बताया कि 9-10 फरवरी की दरमियानी रात उनके घर का ताला तोड़कर चोर घुसे और करीब साढ़े चार लाख के आभूषण, 25 हजार रुपये नकद आदि चुरा ले गए। घटना के समय वह अपनी भांजी और भतीजे की शादी में शामिल होने के लिए पुरा परिवार के साथ बाहर गया था। लौटने पर चोरी का पता चला। उनके घर सहित आसपास के गांव ढंसलगांव, गोरखपुर आदि में भी चोरियां हो चुकी है लेकिन पुलिस कोई सुराग नहीं लगा पाई और न ही संतोषजनक जवाब भी नहीं दिया जा रहा। वास्कले ने गांव के ही कुछ लोगों पर संदेह जताया है, इनसे पूछताछ की मांग की है। इस दौरान वास्कले के साथ सियाराम वास्कले, ओम तिवारी, शिवभानू मंडलोई आदि भी मौजूद थे।