
डिजिटल डेस्क, मुरैना। रामपुरकलां में पानी का संकट 12 साल बाद भी खत्म नहीं हुआ है। करीब 4.30 करोड़ रुपये की जल जीवन मिशन योजना स्वीकृत होने के बावजूद ग्रामीणों को जरूरत का पानी पाने के लिए अपनी जेब ढीली करनी पड़ रही है। ग्रामीणों के अनुसार, आधे घंटे पानी लेने के लिए 200 रुपये और एक घंटे के लिए 400 रुपये देने पड़ रहे हैं।
जानकारी के अनुसार, 11 मई को कलेक्टर लोकेश जांगिड़ ने रामपुरकलां में ग्राम चौपाल लगाई थी। इस दौरान उन्होंने तत्कालीन पीएचई एसडीओ शालिनी सिंह से जल जीवन मिशन योजना शुरू होने की समय-सीमा पूछी थी। एसडीओ ने तीन महीने में योजना शुरू होने की जानकारी दी थी। अब चार महीने से अधिक समय बीत चुका है, लेकिन नल-जल योजना अब तक चालू नहीं हो सकी है।
जल जीवन मिशन के तहत रामपुरकलां में घर-घर पानी पहुंचाने के लिए योजना पर काम चल रहा है, लेकिन निर्माण अधूरा है। पानी की टंकी का ढांचा पिलर खड़े करने के बाद तैयार किया गया है, लेकिन अभी तक प्लास्टर का काम नहीं हुआ है।
सीईओ कमलेश भार्गव ने बताया कि रामपुरकलां क्षेत्र में पानी की समस्या है। स्थिति का जायजा लेने के लिए टीम भेजी जाएगी। जरूरत के अनुसार नए बोर कराए जाएंगे और बंद पड़े बोर की भी जांच कराई जाएगी।