प्रेम-प्रसंग में ब्लैकमेलिंग से तंग आकर महिला को मारी थी गोली, इलाज के दौरान मौत; मुरैना के अंबाह की घटना
सीसीटीवी फुटेज में नजर आए युवक को पुलिस ने इस अपराध में चिह्नित कर लिया है। अब हत्या के प्रयास के मुकदमा में हत्या की धाराओं का इजाफा होगा।
Publish Date: Thu, 22 Oct 2026 06:43:17 PM (IST)Updated Date: Thu, 22 Oct 2026 06:43:44 PM (IST)
मृतिका रचना तोमर का फाइल फोटो।HighLights
- इलाज के दौरान महिला ने तोड़ा दम
- सीसीटीवी फुटेज से आरोपी की पहचान
- ब्लैकमेलिंग और प्रेम-प्रसंग की चर्चा
नईदुनिया प्रतिनिधि, अंबाह (मुरैना)। गोली लगने से 14 अक्टूबर को गंभीर घायल महिला रचना तोमर की 22 अक्टूबर को इलाज के दौरान ग्वालियर में मौत हो गई। अंबाह थाने में दर्ज हत्या के प्रयास के अपराध में पुलिस महिला की बेहोशी के कारण अब तक उसका मृत्युपूर्व कथन नहीं ले पाई। लेकिन सीसीटीवी फुटेज में नजर आए युवक को पुलिस ने इस अपराध में चिह्नित कर लिया है। अब हत्या के प्रयास के मुकदमा में हत्या की धाराओं का इजाफा होगा।
उपचार के दौरान रचना की मौत
मृत महिला बानू उर्फ रचना तोमर 26 पत्नी शैलेंद्र तोमर कस्बा के खजूरी रोड स्थित गली नं. पांच में रहती थी। 14 अक्टूबर को रचना तोमर के घर एक युवक आया और उसने पिस्टल से महिला पर फायर किया जिससे रचना गंभीर घायल हो गई थी। उपचार के लिए महिला को ग्वालियर में भर्ती कराया गया था। 22 अक्टूबर को महिला की उपचार के दौरान मौत हो गई। पुलिस ने महिला का मृत्युपूर्व कथन लेने के लिए कई बार प्रयास किया, लेकिन महिला के होश में न आने के कारण उसका बयान दर्ज नहीं किया जा सका।
आरोपी के घर दी दबिश, लेकिन भागने में सफल
रचना तोमर को गोली मारने वाले आरोपी युवक का फोटो सीसीटीवी फुटेज में अंबाह पुलिस को नजर आया तो उसे दबोचने के लिए पुलिस ने उसी दिन बड़फरा में आरोपी युवक के घर पर दबिश दी, तो वह भाग निकला। लेकिन युवक अपने मोबाइल फोन को घर से कुछ दूर फेंककर भाग गया था। पुलिस को अब तक इस मामले में जो चर्चा सुनने को मिली उसमें जिक्र रहा कि रचना किसी युवक से बातचीत करती थी।
मामला प्रेम-प्रसंग तक पहुंच चुका था
मामला प्रेम-प्रसंग तक पहुंच चुका था। रचना, युवक को ब्लकमेल कर रही थी, इससे परेशान होकर युवक को उसकी हत्या कर दी। चर्चा यह भी चल रही है कि महिला का पति शैलेंद्र तोमर भी पत्नी के स्वभाव के कारण परेशान था। वह दिव्यांग होने के बाद भी अपने भाई के पास पहुंचकर खंडवा में नौकरी कर रहा था।