शीतला माता मंदिर हादसा: मुरैना के एक ही परिवार के चाचा और दो सगे भाइयों की मौत
तीनों एक ही परिवार के सदस्य हैं, जिनमें दो किशोर उम्र के सगे भाई हैं। आधी रात को परिवार को हादसे की खबर लगी। इस घटना से पूरा गांगोली गांव सदमे में हैं...और पढ़ें
Publish Date: Sun, 18 Oct 2026 06:18:27 PM (IST)Updated Date: Sun, 18 Oct 2026 06:18:56 PM (IST)
दर्दनाक घटना का वो स्थान जहां 15 लोगों की जान चली गई।HighLights
- गदाईपुरा से गए थे दर्शन करने
- भतीजों को बचाने में गए चाचा की जान
- एक घर से उठीं तीन अर्थियां
नईदुनिया प्रतिनिधि, मुरैना। शीतला माता मंदिर पर हुए हादसे में मुरैना जिले के हार गांगोली गांव के तीन लोगों की मौत हो गई। तीनों एक ही परिवार के सदस्य हैं, जिनमें दो किशोर उम्र के सगे भाई हैं। आधी रात को परिवार को हादसे की खबर लगी। इस घटना से पूरा गांव सदमे में हैं।
परिवार ग्वालियर के गदाईपुरा में रहता था
बागचीनी थाना क्षेत्र के हार गांगोली गांव के 50 वर्षीय विद्याराम त्यागी का परिवार बीते कुछ साल से ग्वालियर के गदाईपुरा में रहता है। परिवार के अधिकांश सदस्य नवरात्रा का वृत रखते हैं और हर नवरात्रा में शीतला माता के दर्शनों को भी जाते हैं। इसी क्रम में शनिवार की शाम विद्याराम के छोटे भाई अशोक पुत्र रामसनेही त्यागी उम्र 46 वर्ष शीतला मंदिर पर गए थे। अशोक के साथ विद्याराम के दोनों बेटे 15 वर्षीय अमन और 13 साल का बेटू उर्फ लव त्यागी भी था।
भगदड़ में चाचा ने भतीजों को बचाने का किया था प्रयास
बताया गया है, कि दोनों भतीजों के साथ श्रद्धालुओं की भीड़ में जब अशोक त्यागी मंदिर के गेट के पास पहुंचे, तभी घाटी से तेज रफ्तार ट्रक के आने, उसके नींचे लोगों के दबने की खबर से भगदड़ मच गई। इस भगदड़ में अशोक ने दोनों भतीजों के हाथ पकड़कर सुरक्षित निकलने का प्रयास किया, लेकिन वह ट्रक की चपेट में आ गए।
पैतृक गांव में हुआ तीनों का अंतिम संस्कार
तीनों को रात में ही ग्वालियर अस्पताल लाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। तीनों के शव रविवार दोपहर को पैतृक गांव हार गांगौली में पहुंचे, जहां अपरान्ह चार बजे दो सगे भाईयों का उनके चाचा के साथ अंतिम संस्कार किया गया। एक ही घर से निकली तीन अर्थियां देखकर पूरे गांव में रुदन मच गया।