रतलाम। सेठिया मैरिज गार्डन में आयोजित दस दिवसीय सत्य साधना शिविर के तीसरे दिन खरतरगच्छाधिपति जिनचंद्र सूरीश्वर जी ने कहा कि ध्यान साधना से कर्मों के निर्जरा भी होती है।
उन्होंने साधक-साधिकाओं से कहा कि सत्य साधना भीतरी दुनिया को समझने का एक बहुत बड़ा अवसर है। जब व्यक्ति अंतर्मुखी होता है तो वह अपने भीतर शांति का अनुभव करने लग जाता है। सत्य साधना में अभी नाक के दरवाजों पर जो भी अनुभव हो रहा है, उसे अनुभव कर रहे हैं। उसके बाद शरीर दर्शन करेंगे।
उन्होंने कहा कि बाहरी सुंदरता तो क्षणिक होती है, लेकिन जब व्यक्ति भीतर की दुनिया में उतरने लगता है तो वास्तविकता में सत्यम्-शिवम्-सुंदरम् का अनुभव करने लग जाता है। सत्य ही ईश्वर है शिव ही सुंदर है। शिव ही मंगलकारी है शिव अर्थात मंगल का स्वरूप। साधक जवाहर डोसी व शिरीष सकलेचा ने बताया कि सत्य साधना में शिविर में सभी साधक पूरे 24 घंटे पूर्णतया मौन का पालन कड़ाई से कर रहे हैं। साधकों के आवास व भोजन की व्यवस्था शिविर संचालकों द्वारा की जा रही है।
ज्ञातव्य है कि 23 सितंबर से प्रारंभ हुए इस शिविर का आज तीसरा दिन है। इंटरनेट मोबाइल के इस युग में बाहरी दुनिया को छोड़ कर रतलाम शहर के 50 साधक-साधिकाएं मन को एकाग्र कर सामूहिक साधना ध्यान कर रहे हैं। मालवा रतलाम क्षेत्र में पहली बार आयोजित इस सत्य साधना में अन्य क्षेत्रों के भी साधक साधिका हिस्सा ले रहे हैं। दो अक्टूबर तक चलने वाले शिविर में साधक-साधिकाएं पूरी तरह मौन व्रत का भी पालन कर रहे हैं। दो अक्टूबर को प्रातः सात बजे मौन व्रत का समापन होगा और तीन अक्टूबर को शिविर का समापन होगा। सत्य साधना शिविर इंदौर, उज्जैन, नलखेड़ा, महिदपुर के बाद रतलाम में पहली बार लग रहा है।
एसपी ने ली शिविर की जानकारी
एसपी गौरव तिवारी ने सेठिया मैरिज गार्डन पहुंचकर खरतरगच्छाधिपति जिनचंद्र सूरीश्वर जी से भेंट कर आशीर्वाद लिया। एसपी ने सत्य साधना शिविर के बारे में विस्तार से जानकारी ली। पुलिस अधीक्षक ने सत्य साधना ध्यान शिविर से प्रभावित होकर निसंकोच ध्यान करने का मन बनाया, लेकिन दूसरे पल ही पद की जिम्मेदारियों का एहसास होने पर 11 दिवस तक पूरे समय ध्यान शिविर में हिस्सा न लेने की विवशता भी जाहिर की। इस अवसर पर समाजसेवी नरेंद्र नाहर महिदपुर भी मौजूद थे।
तपस्वी हेमलता बांठिया का बहुमान
नोखा निवासी हेमलता प्रदीप बांठिया का 64 उपवास की तपस्या करने व आगे 67 उपवास के प्रत्याख्यान लेने पर साधुमार्गी जैन श्रीसंघ व स्टेशन रोड श्रीसंघ द्वारा स्टेशन रोड पगारिया हाउस पर अभिनंदन किया गया। तपस्वी हेमलता पूर्व में 41, 51, 61, 142, 151 उपवास की कठोर तपस्या कर चुकी है। शासन दीपिका हितैषी श्रीजी व शहर में विराजित महासतियों के दर्शनार्थ रतलाम आई थी। तप अनुमोदना में संघ अध्यक्ष कपूर कोठारी, पूर्व अध्यक्ष महेंद्र गादिया, सुशील गोरेचा, युवा संघ अध्यक्ष नीलेश मूणत, नोखा निवासी राजेश आंचलिया, स्टेशन संघ से अशोक तरसिंग, नितेश कोठारी, राकेश कोठारी, संजय लुनिया, राजकुमार भटेवरा, राकेश भटेवरा, आनंदीलाल चौहान, महिला मंडल अध्यक्ष चंद्रकांता पिरोदिया, जूली पिरोदिया, पुष्पा बरड़िया, स्टेशन संघ के किरण बरड़िया, निशी कोठारी, सरिता चौहान आदि ने भाव रखे। तपस्वी का बहुमान अतुल बाफना, प्रकाश कोठारी, भंवर पिरोदिया, निर्मला भटेवरा, नीलेश कोठारी, पुष्पा कोठारी, रीना भटेवरा, रचना भटेवरा, कुसुम सेठिया, सरोज मूणत, संगीता मूणत आदि ने किया। संचालन संजय लुनिया ने किया।