
नईदुनिया प्रतिनिधि, सागर। कोतवाली थाना क्षेत्र के लाजपतपुरा वार्ड में बंगला स्कूल के पास एक बदमाश को कुछ लोगों ने पीट-पीटकर अधमरा कर दिया, जिसकी इलाज के दौरान मेडिकल कॉलेज में मृत्यु हो गई। मृतक के साथ मारपीट का वीडियो भी सामने आया है। फिलहाल पुलिस ने मामले में मर्ग कायम कर विवेचना शुरू कर दी है। मृतक पर कोतवाली, गोपालगंज और मोतीनगर थाना क्षेत्र में करीब 17 अपराध दर्ज हैं। पुलिस रिकॉर्ड में वह आदतन अपराधी था।
वीडियो वायरल
जानकारी के अनुसार शनिचरी निवासी 39 वर्षीय सुशील पिता स्व. कुंज बिहारी चौबे की गुरुवार शाम बीएमसी में इलाज के दौरान मौत हो गई। मौत के बाद इंटरनेट मीडिया में एक वीडियो बहुप्रसारित हुआ, जिसमें 10 से 12 लोग सुशील चौबे को रात के समय लाठी-डंडों से पीटते हुए दिखाई दे रहे हैं। वीडियो में एक शख्स पीटने वालों को पैर तोड़ने की बात कह रहा है। वीडियो में सुशील को घसीटने की बात भी कही जा रही है। पीट-पीट कर मृतक को घसीटकर कॉम्प्लेक्स के पास छोड़ गए, जहां वह रात भर पड़ा रहा।
अगली सुबह उसके भाई ने बीएमसी में उसे भर्ती कराया। मृतक के भाई विनीत चौबे ने पुलिस को बताया कि मंगलवार रात करीब 11 बजे उसके पास फोन आया कि सुशील चौबे के साथ कुछ लोग मारपीट कर रहे हैं और उसे शनिचरी के बंगला स्कूल के पास बने कॉम्प्लेक्स में फेंककर चले गए हैं। स्वजन अगली सुबह करीब 11 बजे वहां पहुंचे, जहां सुशील घायल अवस्था में पड़ा था। वह चलने की स्थिति में नहीं था। उसके शरीर की पीठ व हाथ में डंडे से चोट के निशान थे। पूछताछ में सुशील ने बताया कि उसे तुलसी प्रजापति व उसके साथियों ने पीटा है।
इसके बाद विनीत ने अपनी मां रमा चौबे को बताया और उसे इलाज के लिए मेडिकल कॉलेज ले गए, जहां भर्ती किया गया। गुरुवार शाम करीब पांच बजे बीएमसी में घायल सुशील चौबे की इलाज के दौरान मृत्यु हो गई।
पुलिस का बयान
कोतवाली प्रभारी मनीष सिंघल ने बताया कि मेडिकल कॉलेज स्थित पुलिस चौकी से सुशील चौबे की इलाज उपरांत मृत्यु होने की सूचना प्राप्त हुई है। उसका पीएम कराकर शव स्वजन को सौंप दिया गया है। डॉक्टरों से चर्चा में उसके शरीर में मामूली चोट के निशान मिले हैं। डंडे से मारपीट जैसे कोई निशान नहीं हैं। पीएम रिपोर्ट के बाद ही मृत्यु का कारण स्पष्ट होगा। इंटरनेट मीडिया में बहुप्रसारित वीडियो की जांच की जा रही है। वीडियो में दिख रहे एक शख्स को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। फिलहाल मामले में मर्ग कायम कर विवेचना शुरू कर दी गई है।
आपराधिक रिकॉर्ड
बताया जा रहा है कि मृतक आपराधिक प्रवृत्ति का था। उसके खिलाफ आसपास के तीन थानों में कुल 17 अपराध कायम हैं। उसकी मां होमगार्ड में सैनिक है। मृतक पांच भाई थे, लेकिन उसकी आपराधिक प्रवृत्ति के कारण घर वाले उससे संबंध न रखते हुए अलग रहते थे। यही कारण है कि 25 नवंबर की रात करीब साढ़े नौ बजे उसके भाई विनीत को घटना स्थल के पास घायल पड़े सुशील की जानकारी दी गई, लेकिन वह अगली सुबह करीब 11 बजे वहां पहुंचा, जहां सुशील घायल अवस्था में पड़ा मिला।