शिवपुरी में भैंसों को बचाने के प्रयास में ट्रेन की चपेट में आया पशुपालक, 5 भैंसों सहित मौत
मृतक पहलवान सिंह ही परिवार के मुखिया और कमाने वाले थे। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
Publish Date: Mon, 02 Nov 2026 08:39:18 AM (IST)Updated Date: Mon, 02 Nov 2026 08:39:56 AM (IST)
मृतक पहलवान सिंह क फाइल फोटो।HighLights
- ट्रेन की चपेट में आए पशुपालक और भैंसें
- परिवार को हुआ लाखों का आर्थिक नुकसान
- ग्रामीणों में रेलवे प्रशासन के खिलाफ रोष
नईदुनिया प्रतिनिधि शिवपुरी। लुकवासा चौकी क्षेत्र के कुल्हाड़ी गांव के पास शनिवार शाम एक दिल दहला देने वाला हादसा हुआ, जिसने एक पशुपालक की अपनी भैंसों को बचाने के प्रयास में ट्रेन की चपेट में आने से मौत हो गई। पुलिस ने मामले की विवेचना शुरू कर दी है।
पहलवान सिंह रोज की तरह भैंसों को चराकर लौट रहे थे घर
जानकारी के अनुसार ग्राम कुल्हाड़ी निवासी पहलवान सिंह यादव शनिवार शाम करीब 6-7 बजे पहलवान सिंह रोज की तरह जंगल से भैंसों को चराकर लौट रहे थे। कुल्हाड़ी गांव के पास रेलवे ट्रैक पार करते समय अचानक बीना की ओर से आ रही बीना पैसेंजर आ गई। कुछ भैसें ट्रैक पर ही थीं।
खुद निकल सकते थे, लेकिन भैसों को बचाने आ गए ट्रेन की चपेट में
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, पहलवान सिंह चाहते तो खुद निकल सकते थे, लेकिन भैंसों को बचाने के लिए उन्हें हांकने लगे और इसी कोशिश में खुद ट्रेन की चपेट में आ गए। ग्रामीणों का कहना है कि कुल्हाड़ी गांव के पास रेलवे ट्रैक पूरी तरह खुला पड़ा है। न फेंसिंग है, न बाउंड्रीवाल और न ही अंडरपास। यही ट्रैक गांव के पशुपालकों और किसानों का रोजाना का रास्ता है। शाम के समय ट्रेन का पता नहीं चलता और हार्न भी सुनाई नहीं देता। कई बार मांग के बाद भी यहां कोई सुरक्षा इंतजाम नहीं किया गया।
गांव में मातम के साथ-साथ रेलवे प्रशासन के खिलाफ आक्रोश भी
पहलवान सिंह ही परिवार के मुखिया और कमाने वाले थे। उनकी पूरी आजीविका 9 भैंसों के दूध पर टिकी थी। एक ही झटके में 5 भैंसों की मौत से परिवार को 5 से 6 लाख रुपये का आर्थिक नुकसान हुआ है, बची हुई 4 भैंसें भी घायल बताई जा रही हैं। हादसे के बाद परिजन मौके पर पहुंचे और घायल पहलवान सिंह को अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। वहीं गांव में इस घटना के बाद मातम के साथ-साथ रेलवे प्रशासन के खिलाफ आक्रोश भी है।