बागेश्वर धाम की कथा के पंडाल में शॉर्ट सर्किट से लगी आग, टला बड़ा हादसा
गनीमत रही कि उस वक्त पंडाल खाली था, नहीं तो भगदड़ में बड़ा हादसा हो सकता था।
Publish Date: Sun, 25 Oct 2026 05:25:26 PM (IST)Updated Date: Sun, 25 Oct 2026 06:22:01 PM (IST)
पांडाल में लगी आग को बुझाते कार्यकर्ता।HighLights
- खाली पंडाल होने से टली बड़ी दुर्घटना
- एसडीईआरएफ टीम ने पाया आग पर काबू
- दिल्ली जाने से बदला गया था कथा का समय
नईदुनिया प्रतिनिधि, शिवपुरी। करैरा में चल रही बागेश्वर धाम पीठाधीश्वर पं. धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री की श्रीराम कथा के दौरान रविवार दोपहर एक बड़ा हादसा टल गया। कथा पंडाल में शार्ट सर्किट से अचानक आग लग गई। गनीमत रही कि उस वक्त पंडाल खाली था, नहीं तो भगदड़ में बड़ा हादसा हो सकता था।
दोपहर करीब 3 बजे की घटना
जानकारी के मुताबिक घटना दोपहर करीब 3 बजे की है। रोजाना इसी समय कथा शुरू हो जाती है, लेकिन रविवार को कथा वाचक धीरेंद्र शास्त्री किसी काम से दिल्ली गए हुए थे, इसलिए कथा का समय शाम 5 बजे रखा गया था। इसी वजह से पंडाल में न तो श्रद्धालुओं की भीड़ थी और न ही स्टेज पर गतिविधि थी। पंडाल के अंदर से धुआं उठता देख आयोजकों में अफरा-तफरी मच गई।
एसडीईआरएफ की टीम ने मोर्चा संभाला और पाया आग पर काबू
तत्काल प्रशासन को सूचना दी गई। मौके पर पहुंची एसडीईआरएफ की टीम ने तेजी दिखाते हुए आग पर काबू पाया। प्रारंभिक जांच में आग का कारण शार्ट सर्किट बताया जा रहा है। माना जा रहा है कि, अगर आग कथा के दौरान लगती तो पंडाल में हजारों की भीड़ मौजूद होती। लाल-सफेद कपड़े से बने विशाल डोम में आग तेजी से फैल सकती थी और भगदड़ मचना तय था।
घटना के बाद जिला प्रशासन और आयोजक समिति ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर अलर्ट जारी कर दिया है। पंडाल की पूरी वायरिंग को दोबारा चेक किया जा रहा है और फायर सेफ्टी उपकरणों की तैनाती बढ़ा दी गई है।
आग शार्ट सर्किट के कारण करीब 3 बजे के आसपास लगी। हालांकि आज महाराज के किसी काम से दिल्ली जाने के कारण कथा का समय 5 बजे का था, पंडाल में ज्यादा लोग नहीं थे। इस कारण किसी तरह की भगदड़ जैसे हालात नहीं बने। - विनोद छावई, टीआई, करैरा