ओरछा में 11 से 13 अक्टूबर तक तीन दिवसीय श्रीरामलीला उत्सव, भव्य मंच पर साकार होंगे श्रीरामकथा के प्रसंग
संस्कृति विभाग और श्रीरामचंद्र पथ गमन न्यास के संयुक्त तत्वावधान में होने वाले उत्सव में मैहर के खजुरीताल की आदर्श लीला मंडली के कलाकार अपनी प्रस्तुति...और पढ़ें
Publish Date: Sat, 10 Oct 2026 03:50:39 PM (IST)Updated Date: Sat, 10 Oct 2026 03:51:10 PM (IST)
HighLights
- संस्कृति विभाग और न्यास का संयुक्त आयोजन
- मैहर की आदर्श मंडली करेगी जीवंत मंचन
- 13 अक्टूबर को राज्याभिषेक के साथ समापन
नईदुनिया प्रतिनिधि, टीकमगढ़ (निवाड़ी)। बुंदेलखंड की धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान ओरछा में 11 से 13 अक्टूबर तक तीन दिवसीय श्रीरामलीला उत्सव आयोजित किया जाएगा। श्रीरामराजा मंदिर परिसर में होने वाले इस आयोजन में भगवान श्रीराम के जीवन से जुड़े प्रमुख प्रसंगों का मंचन किया जाएगा।
संस्कृति विभाग और श्रीरामचंद्र पथ गमन न्यास के संयुक्त तत्वावधान में होने वाले उत्सव में मैहर के खजुरीताल की आदर्श लीला मंडली के कलाकार अपनी प्रस्तुतियों से श्रीरामकथा को जीवंत करेंगे।
प्रतिदिन शाम 6:30 बजे से रामलीला का मंचन होगा। आयोजन के लिए मंदिर परिसर में भव्य मंच तैयार किया जाएगा।
पहले दिन राम जन्म से अहिल्या उद्धार तक की लीला
उत्सव के पहले दिन 11 अक्टूबर को श्रीराम जन्म, ताड़का वध और अहिल्या उद्धार के प्रसंगों का मंचन होगा। दूसरे दिन 12 अक्टूबर को धनुष यज्ञ, श्रीराम वनवास, केवट संवाद और सीताहरण की लीलाएं प्रस्तुत की जाएंगी। इन प्रसंगों के माध्यम से भगवान श्रीराम के जीवन, आदर्शों और मर्यादा को मंच पर उतारा जाएगा।
अंतिम दिन होगा रावण वध और राज्याभिषेक
13 अक्टूबर को उत्सव के अंतिम दिन शबरी की भक्ति, बाली वध, लंका दहन और रावण-कुंभकर्ण वध का मंचन होगा। इसके बाद भगवान श्रीराम के राज्याभिषेक की लीला के साथ तीन दिवसीय आयोजन का समापन होगा। कलेक्टर जमुना भिड़े ने बताया कि आयोजन का उद्देश्य श्रीरामकथा के प्रसंगों को कला और संस्कृति के माध्यम से आम लोगों तक पहुंचाना है। इस उत्सव के जरिए धार्मिक नगरी ओरछा की सांस्कृतिक परंपरा को भी मंच मिलेगा।