
उज्जैन (ब्यूरो)। शहर के होस्टल में मिले बैग में विस्फोटक ही था। शनिवार को यह बात छिपाने वाली पुलिस ने रविवार को इसकी पुष्टि कर दी। विस्फोटक मिलने के बाद रविवार को शहर में अलर्ट जारी कर दिया गया। साथ ही जांच राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) को सौंप दी गई। उधर, बैग छोड़ने वाले युवक की अब तक कोई जानकारी नहीं मिली है। होस्टल में ठहरने के लिए उसने जो आधार कार्ड की फोटो कॉपी दी थी, जांच में वह कार्ड फर्जी निकला। उधर, पुलिस ने तीन लोगों को हिरासत में लिया है।
नानाखेड़ा स्थित होस्टल अतिशय शिलालेख में शुक्रवार शाम एक युवक आकर ठहरा था। उसने नाम साजिश पिता वाजिद खान निवासी आगर बताया था। कमरा लेने के 10 मिनट बाद ही वह चला गया और इसके बाद नहीं लौटा। शंका होने पर होस्टल संचालक ने पुलिस को सूचना दी थी। इस पर शनिवार शाम पुलिस जांच के लिए पहुंची थी।
मोबाइल पर कहा था-दौलतगंज में ही ठहरना, क्षेत्र में रातभर सर्चिंग
होस्टल संचालक ने पुलिस को बताया है कि कमरा लेने के दौरान युवक मोबाइल पर किसी से बात कर रहा था। इस दौरान उसने कहा था कि दौलतगंज क्षेत्र में ही ठहरना। इस सूचना पर शनिवार रात पुलिस हरकत में आई और पूरे क्षेत्र की सघन सर्चिंग की गई। सर्चिंग में पुलिस ने तीन संदिग्धों को हिरासत में लिया है।
लापरवाही पर एसपी बोले- पुलिस कर रही थी इंतजार
सिंहस्थ सिर पर है और पुलिस की लापरवाही का आलम देखिए। होस्टल संचालक सुभाष जैन ने शुक्रवार को तीन बार पुलिस को संदिग्ध युवक की सूचना दी, लेकिन वह करीब 16 घंटे बाद शनिवार रात को जांच के लिए पहुंची। देरी से पहुंचने के सवाल पर एसपी ने कहा कि सूचना मिलते ही पुलिस अलर्ट हो गई थी। होस्टल पर नजर रखी जा रही थी, ताकि अगर युवक वापस लौटे तो उसे दबोचा जा सके। हालांकि अफसर इस सवाल का जवाब नहीं दे पा रहे हैं कि होस्टल की सर्चिंग से पहले ही उन्हें किसी साजिश का पता कैसे चल गया।
इतना विस्फोटकों से ध्वस्त हो जाएगा दोमंजिला मकान
एसपी एमएस वर्मा ने बताया कि बैग में जिलेटिन की 12 छड़ें, 20 वोल्ट की बैटरी, डिटोनेटर, मोबाइल और लिक्विड केमिकल भरा हुआ था। जानकारों के अनुसार इन विस्फोटकों का एक साथ इस्तेमाल किया जाए तो दो मंजिला मकान ध्वस्त हो सकता है। वैसे इसका इस्तेमाल सबसे ज्यादा चट्टान तोड़ने में किया जाता है।
एनआईए ने शुरू की जांच
मामले की पूरी गंभीरता से जांच कर रहे हैं। एनआईए ने भी जांच शुरू कर दी है। एक संदिग्ध को हिरासत में लेकर एनआईए टीम भोपाल ले गई है।
-वी. मधुकमार, एडीजी उज्जैन
सुरक्षा पर गंभीर सवाल
*सामान्य दिनों में सभी 10 थाने और रिजर्व पुलिस बल मिलाकर 1 हजार जवान तैनात रहते हैं। महाकाल मंदिर में बैग और मोबाइल नहीं ले जाने देने के निर्देश हैं, पर ऐसा करने वालों को रोकने वाला कोई नहीं। छह प्रमुख मार्गों पर सिंहस्थ के स्पेशल चेक पोस्ट हैं। यहां प्रत्येक वाहन की सघन जांच होनी चाहिए, लेकिन औपचारिकता निभाई जा रही है। रेलवे स्टेशन पर अलर्ट के बावजूद रविवार को जांच नहीं हुई। अब दावा किया जा रहा है कि सिंहस्थ में सुरक्षा की कमान 25 हजार जवान संभालेंगे।