• Jagran.com
  • Jagran Josh
  • Her Zindagi
  • Onlymyhealth
  • Jagran TV
  • Vishvas News
  • Inextlive
  • मेरी खबरें
मेरी खबरें
  • होम
  • ताजा खबरें
  • मध्यप्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • धर्म
  • मनोरंजन
  • राशिफल
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
    • बिज़नेस
    • बड़ी खबरें
    • खेल
    • विदेश
    • करियर
    • टॉपिक्स
    • टेक्नोलॉजी
    • शिक्षा
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • राशिफल
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • फटाफट
  • राशिफल
  • वेब स्टोरीज
नईदुनिया ट्रेंडिंग
  • बढ़ता यूपी
  • समृद्ध उत्तराखंड
  • गणेशोत्‍सव 2026
  • हनुमान अंश
  • Mutual Funds मास्टरी
  • AI बूटकैंप
  • मध्‍य प्रदेश की खबरें
  • राशि परिवर्तन
  • मानसून
  • स्वच्छ जल
  • होम
  • मध्य प्रदेश
  • उज्जैन

दीपावली पर तीन दिन अवकाश पर रहेंगे आउटसोर्स बिजली कर्मचारी, 18 साल से कर रहे छुट्टी के दिन भी काम

MP News: मध्य प्रदेश में कार्यरत आउटसोर्स बिजली कर्मचारी धनतेरस से भाई दूज तक तीन दिन दीपावली अवकाश मनाएंगे। कर्मचारियों का कहना है कि वे बीते 18 साल ...और पढ़ें

By Rajesh VermaEdited By: Mohan Kumar
Publish Date: Sun, 28 Sep 2025 10:21:56 PM (IST)Updated Date: Sun, 28 Sep 2025 10:21:56 PM (IST)
दीपावली पर तीन दिन अवकाश पर रहेंगे आउटसोर्स बिजली कर्मचारी, 18 साल से कर रहे छुट्टी के दिन भी काम
दीपावली पर तीन दिन अवकाश पर रहेंगे आउटसोर्स बिजली कर्मचारी (सांकेतिक तस्वीर)

HighLights

  1. कर्मचारियों ने 18 सालों से अवकाश के दिन काम किया
  2. नकदीकरण नहीं होने पर लिया छुट्टी लेने का फैसला
  3. सरकार के समक्ष विभिन्न मांगों को रखा गया है

नईदुनिया प्रतिनिधि, उज्जैन। मध्य प्रदेश में कार्यरत आउटसोर्स बिजली कर्मचारी धनतेरस से भाई दूज तक तीन दिन दीपावली अवकाश मनाएंगे। कर्मचारियों का कहना है कि वे बीते 18 साल से अवकाश के दिन भी काम कर रहे हैं। लेकिन आज तक अवकाश का नकदीकरण नहीं हुआ है। इसलिए कर्मचारी इस साल अवकाश के दिन काम नहीं करेंगे, बल्कि परिवार के साथ दीपोत्सव मनाएंगे।

आउटसोर्स कर्मचारी संगठन के प्रांतीय संयोजक मनोज भार्गव ने बताया उज्जैन सहित मध्य प्रदेश के 45 हजार आउटसोर्स कर्मचारियों ने दीपावली पर काम बंद आंदोलन करने का निर्णय लिया है। कर्मचारी 18 से 20 अक्टूबर तक धनतरेस से दीपावली तक अवकाश पर रहेंगे। इस सांकेतिक आंदोलन के माध्यम से सरकार के समक्ष विभिन्न मांगों को रखा गया है।


इनमें सेंट्रल आउटसोर्स कर्मचारियों की तरह मध्य प्रदेश के आउटसोर्स कर्मचारियों को न्यूनतम वेतन देने। आउटसोर्स कर्मचारियों को आत्मनिर्भर अभियान में शामिल कर उन्हें ठेकेधारी की पराधीनता से मुक्त करने सहित 25 मांच शामिल है।

कर्मचारियों का कहना है कि मध्य प्रदेश में मिनिमम वेजेस 5 साल की जगह 9 साल में रिवाइज हो रही है, इस घाटे की भरपाई अतिरिक्त पगार देकर की जानी चाहिए। मध्य प्रदेश सरकार को उत्तर प्रदेश, आंध्र प्रदेश व हरियाणा की तर्ज पर नीति लागू करना चाहिए।