
नईदुनिया प्रतिनिधि, उज्जैन। धार्मिक नगरी उज्जैन में दिव्यांग श्रद्धालुओं को मंदिरों में सुगम और सम्मानजनक दर्शन उपलब्ध कराने के लिए प्रशासन ने विशेष कार्ययोजना लागू करना शुरू कर दिया है। कलेक्टर रौशन कुमार सिंह के निर्देशानुसार मंदिरों में दिव्यांगजनों के लिए विशेष व्यवस्थाएं की जा रही हैं, ताकि उन्हें किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
इसी क्रम में मंगलनाथ मंदिर प्रशासन द्वारा दिव्यांग श्रद्धालुओं के लिए विशेष दर्शन व्यवस्था सुनिश्चित की गई। मंदिर की सचिव एवं तहसीलदार शैफाली जैन ने बताया कि मंगलवार और शुक्रवार को दो दिव्यांग श्रद्धालुओं को विशेष व्यवस्थाओं के साथ भगवान श्री मंगलनाथ के दर्शन कराए गए।
मंदिर प्रशासन के अनुसार 19 मई मंगलवार को दर्शन के लिए पहुंचे एक दिव्यांग श्रद्धालु को मंदिर के निर्गम द्वार से विशेष रूप से ले जाकर सुगम दर्शन कराए गए। केवल दर्शन ही नहीं, बल्कि श्रद्धालु की आस्था को ध्यान में रखते हुए मंदिर प्रशासन और आचार्यगणों द्वारा उन्हें कलश से हाथ लगवाकर भगवान को जल अर्पित भी करवाया गया।
इसी तरह 22 मई को बिहार के धनबाद से उज्जैन पहुंचे दिव्यांग श्रद्धालु को भी विशेष व्यवस्था के तहत दर्शन कराए गए। मंदिर प्रशासन ने उन्हें भी प्राथमिकता के साथ मंदिर में प्रवेश दिलाया और आचार्यगणों की उपस्थिति में धार्मिक विधि-विधान अनुसार भगवान श्री मंगलनाथ को जल अर्पित करवाया। दिव्यांग श्रद्धालुओं और उनके परिजनों ने मंदिर प्रशासन की इस पहल की सराहना की।
प्रशासन का कहना है कि आगामी समय में महाकाल क्षेत्र सहित अन्य प्रमुख मंदिरों में दिव्यांग, वरिष्ठ नागरिक और विशेष जरूरत वाले श्रद्धालुओं के लिए ऐसी व्यवस्थाओं को और अधिक प्रभावी बनाया जाएगा, ताकि सभी श्रद्धालु बिना किसी बाधा के धार्मिक स्थलों पर दर्शन कर सकें।
उज्जैन में महापर्वों की तरह हरसिद्धि चौराहा से शुरू की भगवान महाकाल के दर्शन की व्यवस्था