
नईदुनिया प्रतिनिधि, उज्जैन। दूसरी पत्नी की गला घोंटकर हत्या करने वाले आरोपित को कोर्ट ने दोषी करार देकर आजीवन कैद की सजा सुनाई है। पहली पत्नी से तलाक लेने के बाद भी पति उसे अपने साथ ही रखता था। इस कारण उसका दूसरी पत्नी से आए दिन विवाद होता था। हत्या के दिन दोपहिया वाहन पर रामघाट घूमने जाने का कहकर उसे दूसरे मकान पर ले गया और गला घोंटकर मौत के घाट उतार दिया। इसके बाद सौतेले पुत्र को फोन कर घटना की जानकारी दी थी।
अभियोजन मीडिया सेल प्रभारी कुलदीप सिंह भदौरिया ने बताया कि दिनेश चौहान निवासी राज रायल कालोनी ने वीर नगर में किराए का मकान ले रखा था। जहां पर वह कपड़ों की कटिंग करने के साथ ही सिलाई का काम करता था। उसने अपनी पहली पत्नी रेखा से तलाक ले लिया था। दूसरी शादी लीला चौहान से 15 साल पूर्व की थी। लीला की भी दिनेश के साथ दूसरी शादी थी। उसका एक पुत्र हर्षित भी था।
तलाक लेने के बाद भी दिनेश अपनी पहली पत्नी रेखा को साथ ही रखता था। जिसे लेकर दिनेश व उसकी दूसरी पत्नी लीला चौहान के बीच आए दिन विवाद होता रहता था। पूर्व में भी विवाद के दौरान दिनेश ने लीला चौहान के सिर पर ईंट मार दी थी, जिससे वह घायल हो गई थी। 11 मई 2022 को भी दोनों के बीच विवाद हुआ था। दिनेश व लीला चौहान शाम को दोपहिया वाहन से रामघाट घूमने जाने का कहकर घर से निकले थे।
11 मई 2022 की रात को करीब आठ से नौ बजे के बीच दिनेश ने अपने सौतेले पुत्र हर्षित चौहान को फोन किया था। मगर ठीक से बात नहीं हो सकी थी। इसके बाद फिर रात करीब साढ़े 11 बजे फोन कर कहा कि मैंने तेरी मम्मी को वीर नगर वाले किराए के मकान में गला घोंटकर मार दिया है। लाश घर के अंदर है। मकान की चाबी वहीं पास में खिड़की के पास में रखी है।
इसके बाद हर्षित दोपहिया वाहन से वीर नगर स्थित मकान पहुंचा और खिड़की के पास रखी चाबी से ताला खोलकर अंदर गया तो उसकी मम्मी का शव पड़ा हुआ था। जिसके बाद उसने डायल 100 पर फोन कर जानकारी दी थी।
पुलिस ने आरोपित दिनेश के खिलाफ केस दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया था। अभियोजन पैरवीकर्ता अधिकारी नितेश कृष्णन और सहायक रविंद्रसिंह कुशवाह के तर्कों से सहमत होकर कोर्ट ने उसे दोषी करार देते हुए आजीवन कैद व पांच हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है।