• Jagran.com
  • Jagran Josh
  • Her Zindagi
  • Onlymyhealth
  • Jagran TV
  • Vishvas News
  • Inextlive
मेरी खबरें
  • होम
  • ताजा खबरें
  • मध्यप्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • धर्म
  • मनोरंजन
  • राशिफल
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
    • बिज़नेस
    • बड़ी खबरें
    • खेल
    • विदेश
    • करियर
    • टॉपिक्स
    • टेक्नोलॉजी
    • शिक्षा
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • राशिफल
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • फटाफट
  • राशिफल
  • वेब स्टोरीज
नईदुनिया ट्रेंडिंग
  • बढ़ता यूपी
  • समृद्ध उत्तराखंड
  • Mutual Funds मास्टरी
  • होम
  • मध्य प्रदेश
  • उज्जैन

सबसे पहले महाकाल के आंगन में मनेगा वसंत उत्सव, भस्म आरती में केसरिया पंचामृत से होगा अभिषेक

उज्जैन के महाकाल मंदिर में शुक्रवार को वसंत पंचमी सबसे पहले मनाई जाएगी। तड़के भस्म आरती में केसरिया पंचामृत से अभिषेक, पीले फूल, गुलाल और विशेष भोग अर...और पढ़ें

By Digital DeskEdited By: Anurag Mishra
Publish Date: Thu, 22 Jan 2026 10:33:28 AM (IST)Updated Date: Thu, 22 Jan 2026 10:33:28 AM (IST)
सबसे पहले महाकाल के आंगन में मनेगा वसंत उत्सव, भस्म आरती में केसरिया पंचामृत से होगा अभिषेक
ज्योतिर्लिंग महाकाल मंदिर में मनाई जाएगी वसंत पंचमी। (फाइल फोटो)

HighLights

  1. भस्म आरती में केसरिया पंचामृत से अभिषेक होगा।
  2. भगवान को पीले फूल और वासंती पोशाक पहनाई जाएगी।
  3. संध्या आरती में 500 ग्राम गुलाल अर्पित होगा।

नईदुनिया प्रतिनिधि, उज्जैन। ज्योतिर्लिंग महाकाल मंदिर में शुक्रवार को सबसे पहले वसंत पंचमी मनाई जाएगी। तड़के चार बजे भस्म आरती में वसंत उत्सव मनाया जाएगा। पुजारी भगवान महाकाल का केसरिया पंचामृत से अभिषेक करेंगे। उसके बाद पीले फूल अर्पित किए जाएंगे।

0केसरिया पीले पकवानों का भोग लगाकर आरती की जाएगी। शाम को संध्या आरती में भगवान को 500 ग्राम हर्बल गुलाल अर्पित किया जाएगा। महाकाल मंदिर की पूजन परंपरा में ऋतु परिवर्तन का महापर्व वसंत पंचमी हर्षोल्लास से मनाया जाता है। प्रतिदिन होने वाली पांच आरती में परंपरा अनुसार वसंत के पीले फूल, वासंती गुलाल तथा केसरिया पीले पकवानों का भोग लगाया जाएगा। पीले फूलों से भगवान का अभिषेक होगा। भगवान को वासंती पोशाक धारण कराई जाएगी।


प्रशासक प्रथम कौशिक ने बताया संध्या आरती में भगवान को 500 ग्राम गुलाल, वसंत के पीले फूल तथा 250 ग्राम पीले पेड़े का भोग लगाया जाएगा। शहर के पुष्टिमार्गीय वैष्णव मंदिरों में भी वसंत पंचमी से चालीस दिवसीय फाग महोत्सव की शुरुआत होगी।