• Jagran.com
  • Jagran Josh
  • Her Zindagi
  • Onlymyhealth
  • Jagran TV
  • Vishvas News
  • Inextlive
मेरी खबरें
  • होम
  • ताजा खबरें
  • मध्यप्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • धर्म
  • मनोरंजन
  • राशिफल
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
    • बिज़नेस
    • बड़ी खबरें
    • खेल
    • विदेश
    • करियर
    • टॉपिक्स
    • टेक्नोलॉजी
    • शिक्षा
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • राशिफल
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • फटाफट
  • राशिफल
  • वेब स्टोरीज
नईदुनिया ट्रेंडिंग
  • बढ़ता यूपी
  • समृद्ध उत्तराखंड
  • Mutual Funds मास्टरी
  • होम
  • मध्य प्रदेश
  • विदिशा

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 16, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Human trafficking: मजदूरी के लिए सूरत ले जाए जा रहे 39 बच्चों को छुड़ाया, विदिशा, देवास और रतलाम रेलवे स्टेशन पर उतारा

विदिशा रेलवे स्टेशन पर 21, देवास में 6 और रतलाम में 12 बच्चों को उतारा गया है। उन्होंने बच्चों से हुई पूछताछ के आधार पर बताया कि इन बच्चों के अच्छी मज...और पढ़ें

By Ajay JainEdited By: Navodit Saktawat
Publish Date: Wed, 16 Jul 2025 09:26:37 PM (IST)Updated Date: Wed, 16 Jul 2025 09:36:04 PM (IST)
Human trafficking: मजदूरी के लिए सूरत ले जाए जा रहे 39 बच्चों को छुड़ाया, विदिशा, देवास और रतलाम रेलवे स्टेशन पर उतारा
विदिशा। सूरत ले जाए जा रहे बच्चों से पूछताछ करती रेलवे पुलिस।

HighLights

  1. मुंबई समर स्पेशल ट्रेन के विदिशा पहुंचने पर आरपीएफ और जीआरपी ने सर्च अभियान चलाया।
  2. जनरल, स्‍लीपर कोचों से 21 नाबालिग बच्चों को अन्य यात्रियों के साथ यात्रा करते हुए पकड़ा गया।
  3. बच्चों को आरपीएफ थाने लाकर बाल कल्याण समिति लाया गया, फिर छात्रावास में पहुंचाया गया।

नवदुनिया प्रतिनिधि, विदिशा। रेलवे सुरक्षा बल ( आरपीएफ) ने मुंबई समर एक्सप्रेस ट्रेन से बिहार के कटिहार जिले से साड़ी उद्योग में मजदूरी कराने के लिए सूरत ले जाए जा रहे 39 बच्चों को विदिशा, देवास और रतलाम रेलवे स्टेशन पर उतारा गया है। पुलिस ने मानव तस्करी के इस मामले में छह आरोपितों को गिरफ्तार किया है।

संस्‍था को मिली थी सूचना

बच्चों के संरक्षण के लिए काम करने वाली संस्था विदिशा वेलफेयर सोसाइटी को मंगलवार की रात को सूचना मिली थी कि 30 से 35 नाबालिग बच्चों को ठेकेदार द्वारा मुंबई समर स्पेशल ट्रेन से बाहर काम के लिए भेजा जा रहा है। सूचना की पुष्टि के लिए बुधवार सुबह 5 बजे मुंबई समर स्पेशल ट्रेन के विदिशा पहुंचने पर आरपीएफ और जीआरपी ने मिलकर सर्च अभियान चलाया। जांच के दौरान ट्रेन के स्लीपर और जनरल कोचों से 21 नाबालिग बच्चों को अन्य यात्रियों के साथ यात्रा करते हुए पकड़ा गया। बच्चों को आरपीएफ थाने लाकर बाल कल्याण समिति के समक्ष प्रस्तुत किया गया, जहां से उन्हें छात्रावास में पहुंचाया गया।


परिजनों को सौंप देंगे

सोसायटी की काउंसलर दीपा शर्मा ने बताया कि बच्चों के स्वजनों से बात की जा रही है। उनके विदिशा आने के बाद बच्चों को उनके सुपुर्द किया जाएगा। दीपा ने बताया कि इस कारवाई में विदिशा रेलवे स्टेशन पर 21, देवास में 6 और रतलाम में 12 बच्चों को उतारा गया है। उन्होंने बच्चों से हुई पूछताछ के आधार पर बताया कि इन बच्चों के अच्छी मजदूरी का लालच देकर ले जाया जा रहा था। उनका कहना था कि बच्चों के हाथ छोटे होने की वजह से साड़ियों की कड़ाई बुनाई अच्छी होती है, इसलिए सूरत के साड़ी उद्योग में बाल श्रमिकों की अधिक मांग रहती है।

मुस्लिम समुदाय के बच्‍चे

उन्होंने बताया कि छुड़ाए गए बच्चे और आरोपित दोनों ही मुस्लिम समुदाय के है। इधर, जीआरपी के थाना प्रभारी राजेंद्र सिंह रावत ने बताया कि छह आरोपितों को हिरासत में लिया गया है, इनमें मोहम्मद मसदूर, सगीर आलम, मोहम्मद बाबर,मोहम्मद जिया उल, निवासी कटिहार, मोहम्मद अंसार निवासी किशनगंज और इंजामुल अली निवासी पूर्णिया शामिल है। उन्होंने बताया कि आरोपितों से पूछताछ की जा रही है।