
देहरादून। भाजपा के विधानसभा कूच के दौरान पुलिस के घोड़े शक्तिमान को डंडे से पीटने वाले भाजपा विधायक गणेश जोशी को शुक्रवार को देहरादून में गिरफ्तार कर लिया गया। उन्हें गिरफ्तार करने के लिए पुलिसकर्मी सादे कपड़ों में पहुंचे थे।
इस बीच भाजपा नेताओं के प्रतिनिधिमंडल ने उत्तराखंड के डीजीपी बीएस संधू से जोशी की गिरफ्तारी के विरोध में मुलाकत की। संधू ने कहा कि हमने जोशी को कोर्ट में पेश कर दिया है और अब हम न्यायिक आदेश के अनुसार काम करेंगे। कोर्ट ने जोशी को 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।
इससे पहले उत्तराखंड के सीएम हरीश रावत ने भाजपा विधायक गणेश जोशी की गिरफ्तारी की खबर से अनभिज्ञता जताई थी। उधर, जदयू के विधायक शरद यादव ने कहा कि शक्ितमान को घायल करने वाला आरोपी विधायक जानवर है।
पेटा की कार्यकर्ता ने कहा कि जोशी को कम से कम पांच साल की सजा मिलनी चाहिए। सिर्फ शक्ितमान के मामले में ही नहीं, बल्कि अन्य मामलों पर भी कार्रवाई होनी चाहिए। उधर, गणेश जोशी की बेटी नेहा जोशी ने कहा कि उनके पिता ने कुछ भी गलत नहीं किया है, उनकी गिरफ्तारी राजनीतिक कारणों से हुई है।
नेहा ने आगे कहा कि पुलिस ने उनके पिता पर सरकार के दबाव के चलते कार्रवाई की है। मुझे नहीं लगता है कि इसमें पुलिस की कोई गलती है।
जोशी की इस तरह से गिरफ्तारी पर भाजपा ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि गणेश जोशी का अपहरण हुआ है। उत्तराखंड में भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष अजय भट्ट के मुताबिक, यह स्पष्ट नहीं है कि विधायक को ले जाने वाली पुलिस थी या गुंडे।
मालूम हो, घायल घोड़े को गुरुवार को आखिरकार अपनी एक टांग गंवानी पड़ी है। अमेरिका और मुंबई से आए डॉक्टरों के दल ने संक्रमण फैलने के चलते शक्तिमान का जख्मी पिछला पांव घुटने के पास से काट दिया। अब उसके लिए कृत्रिम पांव तैयार किया जा रहा है।
विशेषज्ञ डॉक्टरों के मुताबिक, यह कहना मुश्किल है कि चार क्विंटल वजनी शक्तिमान कृत्रिम पांव पर कितने वक्त तक चल पाएगा। घायल शक्तिमान बुधवार रात मशीन से उठाते वक्त गिर गया था, उसके बाद वह दर्द से कराह रहा है।