
नई दिल्ली। विपक्षी दलों के गठबंधन I.N.D.I.A. ब्लॉक की बैठक बुधवार को दिल्ली में होने जा रही है। यह I.N.D.I.A. गठबंधन की समन्वय समिति की पहली बैठक है। इस समिति का गठन पिछले दिनों मुंबई में बैठक में किया गया था।
विपक्षी दलों के बीच सीट शेयरिंग के फॉर्मूल पर मंथन के बीच हरियाणा से बड़ी खबर है। यहां कांग्रेस ने सभी 10 लोकसभा सीटों पर चुनाव लड़ने का एलान कर दिया है।
कांग्रेस हरियाणा की सभी 10 सीटों पर चुनाव लडे़गी। आम आदमी पार्टी का कोई दावा नहीं बनता है। पिछले लोकसभा चुनावों का परिणाम देख लीजिए। सभी 10 सीटें भाजपा ने जीती थी, लेकिन कांग्रेस दूसरे नंबर पर रही थी। फिर आदमपुर लोकसभा उपचुनाव का परिणाम देख लीजिए। आम आदमी पार्टी की जमानत जब्त हो गई थी। - भूपेंद्र सिंह हुड्डा
इस दौरान हुड्डा ने कहा कि किसी भी पार्टी के दावे का कोई आधार होना चाहिए। हालांकि इस दौरान उन्होंने यह भी कहा कि विपक्ष दलों के गठबंधन की बैठक के दौरान इस पर चर्चा होगी।
यह बैठक इस लिहाज से अहम है कि यहां लोकसभा चुनाव 2024 (Lok Sabha Chunav 2024) में तमाम दलों के बीच सीटों के बंटवारे पर मंथन होगा। बता दें, कई राज्यों में ये दल अब तक एक दूसरे के खिलाफ चुनाव लड़ते आए हैं।
अगले आम चुनाव में भाजपा को रोकने के लिए साथ आए हैं, लेकिन कोई सीट छोड़ने को तैयार नहीं है। I.N.D.I.A. के सामने सबसे बड़ी चुनौती यही है। इसी का हल निकाला जाएगा।
विपक्षी नेताओं ने कहा कि सीटों के बंटवारे का फॉर्मूला पिछले चुनावों में पार्टियों के प्रदर्शन और हर राज्य में मौजूद सबसे बड़ी पार्टी की ताकत पर आधारित होगा।
इससे पहले गठबंधन ने 1 सितंबर को मुंबई में आयोजित बैठक के बाद कहा था कि विभिन्न राज्यों में सीट-बंटवारे पर मंथन तुरंत शुरू किया जाएगा और सहयोगात्मक भावना के साथ जल्द से जल्द किसी निर्णय पर पहुंचा जाएगा।
इससे पहले नीतीश कुमार समेत अन्य नेता कह चुके हैं कि सीट शेयरिंग पर जल्द से जल्द सहमति बन जाए।
नीतीश के साथ ही कम से कम 3 बड़े नेताओं, मुख्यमंत्रियों ममता बनर्जी, अरविंद केजरीवाल और राष्ट्रीय जनता दल के नेता लालू यादव ने चुनाव नजदीक होने का हवाला देते हुए मुंबई की बैठक के दौरान भी सीटों पर तत्काल चर्चा के लिए दबाव डाला था।

कांग्रेस नेता केसी वेणुगोपाल, डीएमके नेता टीआर बालू, जेएमएम नेता हेमंत सोरेन, शिवसेना-यूबीटी नेता संजय राउत, आरजेडी नेता तेजस्वी यादव, 'AAP' नेता राघव चड्ढा, समाजवादी पार्टी के नेता जावेद अली खान, जेडीयू नेता ललन सिंह, सीपीआई नेता डी राजा, नेशनल कॉन्फ्रेंस नेता उमर अब्दुल्ला, पीडीपी नेता महबूबा मुफ्ती, टीएमसी नेता अभिषेक बनर्जी।