यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 07, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
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22 अप्रैल को पहलगाम में आतंकवादियों ने हिंदू महिलाओं के सामने उनके पतियों की हत्या की। जवाब में भारत ने 15 दिन में ऑपरेशन सिंदूर चलाया। भारतीय वायुसेना ने 9 आतंकी ठिकानों पर हमले किए। यह बदला था उन 26 निर्दोषों का, जिन्हें धार्मिक आधार पर मारा गया।
Publish Date: Wed, 07 May 2025 07:16:32 AM (IST)Updated Date: Wed, 07 May 2025 11:17:18 AM (IST)
भारत ने लिया पहलगाम का बदला। (फाइल फोटो)HighLights
- पहलगाम में धर्म पूछकर हिंदू पुरुषों की हत्या
- सिर्फ आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया गया
- ऑपरेशन सिंदूर में 9 आतंकी ठिकाने ध्वस्त
एजेंसी, नईदिल्ली। 22 अप्रैल को पहलगाम में आतंकवादियों ने धर्म पूछ-पूछकर हिंदू महिलाओं के सामने उनका सुहाग उजाड़ दिया था। इस दौरान उनसे कहा था कि जाकर मोदी को बता देना। इस हमले से देश के 140 करोड़ लोगों में पाकिस्तान के खिलाफ गुस्सा था। भारत ने 15 दिन में ऑपरेशन सिंदूर के जरिए अपना बदला पूरा कर लिया है।
भारतीय वायुसेना ने अपना पराक्रम दिखाते हुए आतंकियों के 9 ठिकानों को मिट्टी में मिला दिया है। बहावलपुर, कोटली और मुजफ्फराबाद जैसे इलाकों पर मिसाइलें दागीं गई हैं। इस दौरान पाकिस्तानी सेना को निशाना नहीं बनाया गया है।
इसलिए रखा ऑपरेशन सिंदूर नाम
भारतीय सेना ने पाकिस्तान के खिलाफ की गई सर्जिकल स्ट्राइक को ऑपरेशन सिंदूर नाम रखा था। यह उन महिलाओं के बदला था, जिनका सुहाग उजाड़ा गया। उनके सामने धर्म पूछ-पूछकर उनका सिंदूर मिटा दिया गया। इन 15 दिनों में वह रोती-बिलखती बस अपने सुहाग को याद करती रहीं। उन 26 बेकसूर जानों को भारतीय सेना ने यह नाम रख सच्ची श्रद्धांजलि दी है।
आतंकी ठिकानों को ही बनाया निशाना
- पीटीआई की रिपोर्ट के अनुसार रक्षा मंत्रालय ने जानकारी दी कि मंगलवार देर रात 1:44 बजे ऑपरेशन सिंदूर शुरू हुआ था, जिसमें भारतीय वायुसेना ने नौ आतंकवादी ठिकानों को मिसाइल दाग कर नष्ट कर दिया। बहावलपुर में जैश-ए-मोहम्मद का मुख्यालय व मुरीदके में लश्कर-ए-तैयबा का कैंप खंडर बन चुका है।
- भारतीय सेना ने बताया कि इस स्ट्राइक में केवल आतंकी ठिकानों को ही निशाना बना गया था। इसमें किसी पाकिस्तानी सैन्य प्रतिष्ठान को नहीं छुआ गया है। भारतीय सेना ने बयान जारी कर कहा कि 'Justice is served' यानी कि इंसाफ कर दिया गया है।